पुलिस प्रशासन के सामने अब सबसे बड़ी चुनौती कल (17 जून) को जुमे की नमाज को लेकर है। इस दिन एक बार फिर से शहर का माहौल ना खराब हो और किसी तरह की कोई हिंसा और उपद्रव ना हो इसके लिए पुलिस और प्रशासन रणनीति बनाने में जुटा हुआ है।

लखनऊ: यूपी के प्रयागराज में 10 जून को जुमे की नमाज के बाद हुई हिंसा को लेकर अब हालात तेजी से सामान्य हो रहे हैं। इस बीच पुलिस प्रशासन के सामने अब सबसे बड़ी चुनौती कल होने वाली जुमे की नमाज को लेकर है। इस दिन एक बार फिर से शहर का माहौल ना खराब हो और किसी तरह की कोई हिंसा और उपद्रव ना हो इसके लिए पुलिस और प्रशासन रणनीति बनाने में जुटा हुआ है। बता दें कि 10 जून को जुमे की नमाज के बाद प्रयागराज के अलावा सहारनपुर, फिरोजाबाद, हाथरस, मुरादाबाद, अंबेडकर नगरन हिंसक प्रदर्शन हुआ था। इसमें 13 पुलिसकर्मी भी घायल हुए थे।

Add Asianetnews Hindi as a Preferred SourcegooglePreferred

यूपी एडीजी प्रशांत कुमार ने कही ये बात
कल जुमे की नमाज़ को लेकर यूपी के एडीजी कानून व्‍यवस्‍था प्रशांत कुमार ने कहा कि 'कल की नमाज़ की व्यवस्था के लिए जनसंपर्क धर्मगुरुओं से किया गया है और उनका सहयोग भी प्राप्त हो रहा है। बरेली में भी एक प्रदर्शन प्रस्तावित था जिसकी तिथि आगे की गई है। वर्तमान में हमारी सभी धर्मगुरुओं और शांतिप्रिय लोगों के साथ बैठक हुई है। इस बार ऐसी व्यवस्था की गई है कि कोई भी समस्या ना हो। इस सबंध में सभी धर्मगुरुओं के द्वारा अपील भी जारी की गई है। साथ ही साथ जिन उपद्रवियों ने पहले अशांति फैलाई उनके खिलाफ निष्पक्षता तथा पारदर्शिता के साथ कार्रवाई हो रही है।'

मस्जिद के इमाम ने की अपील
हिंसा के बाद कल होने जा रही जुमे की नमाज़ को लेकर इमाम ने भी अपने समुदाय के लोगों से अपील की है कि "लोग आसपास की मस्जिदों में नमाज अदा करें या फिर अपने घरों में ही नमाज अदा करें। किसी के बहकावे में ना आएं और माहौल को शांतिपूर्ण बनाए रखने में सहयोग दें। वहीं, पुलिस प्रशासन जुमे की नमाज को लेकर पूरी तरह से मुस्तैद रहने का दावा कर रहा है।"

कुशीनगर: हाईवे पर हेड कांस्टेबल को कुचलकर फरार हुए पशु तस्कर, इलाज के दौरान तोड़ा दम

आजमगढ़: युवती से गैंगरेप के बाद चेहरा जलाने का हुआ प्रयास, परिचित ही निकला मुख्य आरोपी

कानपुर: बंद कमरे में मिला किशोर का शव, खोखा बरामद लेकिन गायब हो गया तमंचा