अखिलेश के इस इस्तीफे पर अब बीजेपी ने निशाना साधा है। यूपी बीजेपी के प्रवक्ता मनीष शुक्ला ने कहा कि आजमगढ़ सीट से अखिलेश यादव का इस्तीफा समाजवादी पार्टी की 2024 के लोकसभा चुनाव में हार की सुपुर्दगी है। 2024 में आदरणीय प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में प्रचंड बहुमत की सरकार बनेगी। इस बात का आभास अखिलेश यादव को हो चुका है। एक और हार से बचने के लिए संसदीय सीट से अखिलेश यादव ने इस्तीफा दिया है। 

लखनऊ: अखिलेश यादव के लोकसभा सदस्य पद से इस्तीफा देने के बाद सियासी पारा चढ़ गया है। बीजेपी ने अखिलेश के संसदी छोड़ने पर हमला बोलना शुरू कर दिया है। बीजेपी प्रवक्ता ने अखिलेश पर निशाना साधते हुए कहा कि अखिलेश यादव का इस्तीफा समाजवादी पार्टी की 2024 के लोकसभा चुनाव में हार की सुपुर्दगी है। 2024 में आदरणीय प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में प्रचंड बहुमत की सरकार बनेगी। इस बात का आभास अखिलेश यादव को हो चुका है। 

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मंगलवार को अखिलेश ने अपनी लोकसभा सदस्यता से इस्तीफा दे दिया। उन्होंने लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला से मिलकर अपना इस्तीफा सौंपा। अखिलेश के इस इस्तीफे पर अब बीजेपी ने निशाना साधा है। यूपी बीजेपी के प्रवक्ता मनीष शुक्ला ने कहा कि आजमगढ़ सीट से अखिलेश यादव का इस्तीफा समाजवादी पार्टी की 2024 के लोकसभा चुनाव में हार की सुपुर्दगी है। 2024 में आदरणीय प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में प्रचंड बहुमत की सरकार बनेगी। इस बात का आभास अखिलेश यादव को हो चुका है। एक और हार से बचने के लिए संसदीय सीट से अखिलेश यादव ने इस्तीफा दिया है। 

आजम ने भी सासंदी दे दिया इस्तीफा
बता दें कि अखिलेश यादव के साथ ही समाजवादी पार्टी नेता और पूर्व मंत्री आजम खान ने लोकसभा की सदस्यता से इस्तीफा दे दिया। बता दें कि वह रामपुर से लोकसभा सांसद थे और इसी विधानसभा सीट से विधायक भी बने। आजम खान फिलहाल सीतापुर जेल में बंद हैं। उन्होंने जेल से ही विधानसभा चुनाव लड़ा था और बीजेपी के प्रत्याशी को 66 हजार से ज्यादा मतों से मात दी थी।

9 बार इस सीट से विधायक रहे आजम खान ने 10वीं बार विधायकी जीत ली। बीजेपी ने उनके खिलाफ आकाश सक्सेना को खड़ किया था। सक्सेना ने आजम खान के खिलाफ कई मुकदमे दर्ज कराए थे। इसकी वजह से खान सीतापुर जेल में बंद हैं। आजम खान के बेटे अब्दुल्ला आजम ने स्वार सीट से चुनाव लड़ा था। वह भी अपनी सीट से चुनाव जीत गए।

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