Asianet News HindiAsianet News Hindi

विश्वनाथ धाम ने साल भर में बनाया रिकॉर्ड, पर्यटकों के साथ-साथ व्यापारियों को भी हो रहा फायदा

काशी विश्वनाथ धाम पहुंचने वाले भक्तों ने सालभर में रिकॉर्ड बनाया है। इसके चलते यहां व्यापारियों को भी काफी फायदा हो रहा है। उनकी आमदनी में वृद्धि देखने को मिल रही है। 

Vishwanath Dham made a record throughout the year tourists as well as traders are benefiting
Author
First Published Nov 21, 2022, 11:41 AM IST

अनुज तिवारी
वाराणसी:
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने अपने ड्रीम प्रोजेक्ट काशी विश्वनाथ कॉरिडोर का लोकार्पण 13 दिसम्बर को किया था। बाबा के धाम का एक वर्ष पूरा होने जा रहा। इस एक वर्ष में धाम की भव्यता और दिव्यता को देखने देश ही नहीं पूरे विश्व से लोग अभी भी पहुंच रहें। जानकारों की मानें तो प्रधानमंत्री ने 352 साल के बाद काशी विश्वनाथ मंदिर के पुनरुद्धार का काम किया था और आज विश्वनाथ धाम सांस्कृतिक केंद्र बन गया हैं। 

विभिन्न बाधाओं के बाद तैयार हुआ काशी विश्वनाथ धाम
800 करोड़ की लागत से तैयार हुआ काशी विश्वनाथ धाम तकरीबन 55 हजार वर्ग मीटर के क्षेत्र में तैयार हुआ है । धाम को भव्य स्वरूप देना ही बहुत ही जटिल था। पतली गलियां, संकरे रास्ते , सैकड़ों भवन का अधिग्रहण करना। वहां रहने वाले परिवार को विस्थापन के साथ साथ कई बाधाओं को पार करके काशी विश्वनाथ धाम को भव्य स्वरूप दिया गया। काशी विश्वनाथ धाम का यह भव्य स्वरूप 352 वर्ष बाद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के हाथों हुआ। इससे पहले रानी अहिल्याबाई ने जीर्णोद्धार और महाराजा रणजीत सिंह ने मंदिर के शिखर पर सोने की परत लगाकर बाबा विश्वनाथ को भव्यता प्रदान की थी। लेकिन अब बाबा का गर्भ गृह अंदर से लेकर बाहर तक सोने की परत से चमक रहा हैं।

काशीवासियों के साथ साथ पर्यटकों को भी है खुशी
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के ड्रीम प्रोजेक्ट के बनने के बाद से ही काशी वासियों में भी हर दिन एक उत्सव जैसा लगता है मंदिर के आसपास पर्यटकों का तांता लगा हुआ रहा हैं। तो वहीं आसपास के दुकानदारों को भी रोजगार का अवसर मिल रहा है। 1 वर्ष में काशी विश्वनाथ धाम में देश ही नहीं बल्कि विश्व के हर एक कोने से पर्यटक पहुंचे और काशी विश्वनाथ धाम के भव्यता को देखा है। काशी के ही रहने वाले शुभम ने बताया कि जब से काशी विश्वनाथ धाम का नया स्वरूप बना है सबसे पर्यटकों की संख्या भी काफी ज्यादा बड़ी है और बाबा का दर्शन भी बड़े शांति और सहूलियत के साथ हो जाता है मंदिर प्रशासन की व्यवस्था काफी बेहतर हैं। जहां पहले घंटों लाइनों में लगना पड़ता था वहां अब कुछ ही मिनटों में बाबा के दर्शन हो जाते हैं। वहीं इलाहाबाद से आए एक शिक्षक ने बताया कि हमारे स्कूल द्वारा हर वर्ष बच्चों को किसी पर्यटक स्थल पर ले जाया जाता था इस बार बच्चों ने जिंद करके बाबा विश्वनाथ दरबार का दर्शन करने को कहा जब से प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने विश्वनाथ कॉरिडोर का निर्माण किया है उनकी खबरों और वहां की तस्वीरों को देखकर बच्चों के मन में वहां घूमने का एक अलग ही उमंग और उत्साह था इस बार हमारे स्कूल द्वारा इन बच्चों को काशी विश्वनाथ धाम के साथ-साथ बनारस के घाटों को भी दिखाया गया।

अश्लील वीडियो बनाकर ट्रेनी नर्स से क्रूरता, निजी अंगों पर ब्लेड से करवाया वार फिर दी ऐसी धमकी

Follow Us:
Download App:
  • android
  • ios