कई बार कोई ऐसी घटना होती है कि जिसका रहस्य आम आदमी क्या, विशेषज्ञ भी नहीं समझ पाते हैं। बांग्लादेश में हाल ही में ऐसा ही हुआ, जब एक महिला ने महीने भर में ही 3 बच्चों को जन्म दिया। 

हटके डेस्क। कई बार कोई ऐसी घटना होती है कि जिसका रहस्य आम आदमी क्या, विशेषज्ञ भी नहीं समझ पाते हैं। बांग्लादेश में हाल ही में ऐसा ही हुआ, जब एक महिला ने महीने भर में ही 3 बच्चों को जन्म दिया। इस मामले से डॉक्टर भी हैरान हैं। आम तौर पर किसी बच्चे का जन्म गर्भधारण करने के 9 महीने के बाद होता है। कई बार कुछ खास कराणों से प्री-मेच्योर डिलिवरी भी हो जाती है, जो सातवें या आठवें महीने में होती है। लेकिन एक ही महीने में तीन बच्चों का जन्म होना वाकई एक अजीबोगरीब बात है। 

Add Asianetnews Hindi as a Preferred SourcegooglePreferred

बांग्लादेश की घटना
किसी को भी हैरान कर देने वाली यह घटना बांग्लादेश की है। वहां आरिफा नाम की 20 साल की एक युवती गर्भवती थी। समय पूरा होने पर उसने एक स्वस्थ शिशु को जन्म दिया। सब कुछ ठीकठाक चल रहा था। अचानक कुछ ही दिनों के बाद उसे फिर प्रसव पीड़ा शुरू हुई। उसे तत्काल अस्पताल में दाखिल कराया गया। वहां डॉक्टरों ने जांच में पाया कि उसके गर्भ में दो बच्चे और पल रहे थे। आरिफा की पहली डिलिवरी नॉर्मल हुई थी। डॉक्टर सबसे ज्यादा इस बात को लेकर हैरान थे कि जब उसकी पहली डिलिवरी हुई, उस समय इसके बारे में कुछ भी क्यों नहीं पता चल सका। 

थे दो गर्भाशय
पहले बच्चे को जन्म देने के 26 दिन बाद आरिफा को पेट में दर्द शुरू हुआ। जब वह इलाज के लिए अस्पताल पहुंची, तो डॉक्टरों ने उसकी अल्ट्रा सोनोग्राफी करवाई। सोनोग्राफी रिपोर्ट आने के बाद डॉक्टर हैरान रह गए। आरिफा को दो गर्भाशय थे और दूसरे गर्भाशय में दो जुड़वां बच्चे पल रहे थे। 

किया गया ऑपरेशन
इसके बाद डॉक्टरों ने उसका ऑपरेशन कर डिलिवरी कराने का निर्णय लिया। पहली बार आरिफा को लड़का हुआ था। दूसरे गर्भाशय में एक लड़का और लड़की थी। ऑपरेशन सफल रहा। अब आरिफा के तीन बच्चे हो गए। दो बेटे और एक बेटी। डॉक्टरों का कहना है कि उसके तीनों बच्चे स्वस्थ हैं और आरिफा को भी किसी तरह की कोई दिक्कत नहीं है। 

दुर्लभ मामला
आरिफा की देख-रेख करने वाली डॉक्टर शीला पोद्दार का कहना है कि ऐसे मामले रेयर ही होते हैं। लेकिन कुछ महिलाएं ऐसी होती हैं, जिनके दो गर्भाशय होते हैं और दोनों में भ्रूण का विकास होने लगता है। उनका कहना था कि सुविधा के लिए और महिला का स्वास्थ्य ठीक रहे, इसलिए एक गर्भाशय ऑपरेशन कर निकाल दिया जाता है।