जेल में मादक पदार्थों के तस्कर गुट आपस में भिड़ गए। पुलिस officer तान्या वरेला (Tanya Varela) ने कहा कि ड्रोन से पता चला कि तीन पैवेलियन में कैदी बंदूकें और विस्फोटकों से लैस थे। 

क्विटो। इंटरनेशनल ड्रग माफिया (International Drug Mafia) के बीच इक्वाडोर (Equador)की एक बड़ी जेल में गैंगवार (gangwar) में कम से कम 68 कैदी मारे गए हैं। जबकि 25 से अधिक घायल हो गए हैं। जेल अधिकारियों को स्थिति पर नियंत्रण के लिए काफी मशक्कत करनी पड़ी। घटना इक्वाडोर की सबसे बड़ी जेल 'लिटोरल पेनिटेंशरी' (Litoral Petitionery) के अंदर की है। गुआयाकिल स्थित इस जेल में दोनों गुट भोर में ही आपस में भिड़ गए थे। 

Add Asianetnews Hindi as a Preferred SourcegooglePreferred

आठ घंटे तक हुई गोलीबारी, डायनामाइट से जेल तोड़ने की कोशिश

दरअसल, शनिवार को जेल में मादक पदार्थों के तस्कर गुट आपस में भिड़ गए। पुलिस कमांडर जनरल तान्या वरेला (Tanya Varela) ने कहा कि ड्रोन से पता चला कि तीन पैवेलियन में कैदी बंदूकें और विस्फोटकों से लैस थे। बताया जा रहा है कि कैदियों को आपूर्ति में लगे वाहनों के माध्यम से हथियारों और गोला बारूद की तस्करी कर जेल में पहुंचा दिया जाता है। कभी-कभी यह ड्रोन के द्वारा भी किया जाता है। इन्हीं हथियारों का इस्तेमाल गैंगवार में किया गया है। 

गुआस प्रांत के गवर्नर पाब्लो अरोसेमेना ने कहा कि शुरुआती लड़ाई करीब आठ घंटे तक चली। कैदियों ने पैवेलियन दो में जाने के लिए दीवार को डायनामाइट से उड़ाने का प्रयास किया और आगजनी की है। 

पुलिस अधिकारियों का ग्रुप मिलकर स्थिति को संभाल रहा

राष्ट्रपति के प्रवक्ता कार्लोस जिजोन ने बताया कि हमें लिटोरल पेनिटेंशरी में नयी झड़पों की सूचना मिली है। हॉल 12 के कैदियों ने हॉल सात के उन लोगों पर हमला किया, जो कब्जा करने का प्रयास कर रहे थे। उन्होंने कहा कि लगभग 700 पुलिस अधिकारी जेल के अंदर एक ग्रुप साथ मिलकर के स्थिति को नियंत्रित किए हैं। फिलहाल जेल के अंदर की स्थितियां तनावपूर्ण हैं। अभी भी सही सही मौतों का पता नहीं चल सका है। 

जेल में 8 हजार से अधिक कैदी, पहले भी हो चुका है रक्तपात

इसी जेल में दो महीना पहले भी गैंगवार हो चुका है। सितंबर महीना में हुए गैंगवार में लिटोरल जेल में कम से कम 119 कैदी मारे गए थे। इस जेल में 8 हजार से अधिक कैदी हैं। यह देश की सबसे बड़ी जेल है। 

देश में ड्रग तस्करी से निपटने के लिए आपातकाल

पूरे देश में ड्रग तस्करी एक बड़ी मुसीबत साबित हो रही है। इससे निपटने के लिए वहां के राष्ट्रपति गुइलेर्मो लासो ने इमरजेंसी लगा रखा है। इक्वाडोर के कानून के अनुसार इमरजेंसी के दौरान पुलिस ड्रग तस्करी से निपटने के लिए अत्यधिक अधिकार से लैस हो जाती है। राष्ट्रीय आपातकाल सुरक्षा बलों को मादक पदार्थों की तस्करी और अन्य अपराधों से लड़ने का अधिकार देती है।

यह भी पढ़ें: 

Jawahar Lal Nehru की 132वीं जयंती: पीएम मोदी, सोनिया गांधी ने दी श्रद्धांजलि, राहुल ने शांति संदेश से याद किया

Gadhchirauli: 50 लाख का इनामिया जोनल चीफ मिलिंद भी मारा गया, बेहद पढ़ा-लिखा है परिवार, बड़े भाई की पत्नी हैं डॉ.अंबेडकर की पोती

Manipur: Rahul Gandhi ने मोदी सरकार पर साधा निशाना, बोले-लगातार साबित हो रहा देश की रक्षा में केंद्र सरकार असमर्थ