Pakistan Army Asmin Munir: पाकिस्तान के आर्मी प्रमुख आसिम मुनीर ने खुद को देश का सेवक बताया है। साथ ही अपनी बात में वो खनिज संपदा पर बात करते हुए नजर आए हैं, जिससे पाकिस्तान के हालत कुछ सुधर सकते हैं।

Pakistan Army Chief Asim Munir: पाकिस्तान के सेना प्रमुख आसिम मुनीर कई बार ऐसी बात कर बैठते हैं, जोकि कुछ लोगों को रास नहीं आती। ऐसा ही कुछ उन्होंने इस बात भी कहा है। आसिम मुनीर ने कहा कि पाकिस्तान की राजनीति में उनकी कोई महत्वाकांक्षा नहीं है। वो खुद को देश का एक सेवक ही मानते हैं। पाकिस्तान के सेना प्रमुख ने हाल ही ब्रुसेल्स, बेल्जियम में अपनी अमेरिकी दौरे के दौरान इस बारे में व्यक्तिगत रूप से बात की थी। दरअसल मुनीर ने मंच पर से कहा था, "ईश्वर ने मुझे देश का रक्षक बनाया है। इसके अलावा मुझे किसी और पद की इच्छा नहीं है।" इतना ही नहीं मुनीर ने ये भी कहा, “मैं एक सैनिक हूं और मेरी सबसे बड़ी ख्वाहिश शहादत है।”

Add Asianetnews Hindi as a Preferred SourcegooglePreferred

ये भी पढ़ें- अमेरीका संग विवाद के बीच न्यू यॉर्क में मनाया भारत के स्वतंत्रता दिवस का जश्न, हवा में लहराया तिरंगा

इस तरह की बातें उस वक्त सामने आई है जब ऐसी घटनाएं सामने आ रही थी कि पाकिस्तानी राजनीतिक व्यवस्था को सैन्य हस्तक्षेप का सामना करना पड़ा है, आसिम मुनीर की तरफ से इस तरह की बातों को खारीज कर दिया गया है। स्तंभकार सुहैल वारैच ने अपने एक कॉलम में लिखा था, "बातचीत की शुरुआत राजनीति से हुई और खासकर उन अफवाहों पर कि पाकिस्तान के राष्ट्रपति और प्रधानमंत्री को बदलने का काम किया जा रहा है। जनरल आसिम मुनीर ने ब्रुसेल्स की बैठक में और मेरे साथ दो घंटे लंबी बैठक में स्पष्ट रूप से कहा कि बदलाव की अफवाहें पूरी तरह से झूठी हैं।"

ये भी पढ़ें- आतंकवाद के खिलाफ भारत के साथ खड़ा हुआ ये ताकतवर देश, क्या अमेरिका के उड़ेंगे अब होश?

पाकिस्तान के सेना प्रमुख ने पाकिस्तान को बदलने के इरादे से एक रोडमैप भी तैयार किया है, जोकि खनिज क्षेत्र की तरफ इशारा करता है। आसिम मुनीर ने इस बात का जिक्र करते हुए कहा, "पाकिस्तान के पास दुर्लभ धरती का खजाना है; इस खजाने से पाकिस्तान का कर्ज भी कम होगा, और पाकिस्तान जल्द ही सबसे समृद्ध समाजों में गिना जाएगा।" वहीं, हाल ही में पाकिस्तान के सेना प्रमुख आसिम मुनीर अमेरिका के दौरे पर गए थे। जहां से उन्होंने भारत को परमाणु हमले की धमकी दी थी। साथ ही सिंधु नदी पर भी चर्चा की।