Zelensky India Visit 2025: अमेरिका और भारत के बीच कूटनीतिक तनाव बढ़ रहा है। अमेरिकी राष्ट्रपति ट्रंप भारत पर रूस से तेल खरीदने के कारण नाराज है। इस बीच खबर है कि इस साल के अंत में रूस और यूक्रेन के राष्ट्रपति भारत आ सकते हैं। 

Zelensky India Visit 2025: अमेरिका और भारत के बीच कूटनीतिक संबंधों में तनाव चल रहे हैं। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप भारत पर नाराज हैं क्योंकि भारत रूस से तेल खरीद रहा है। इसी कारण ट्रंप ने भारत पर अतिरिक्त 25 प्रतिशत टैरिफ लगाने की चेतावनी दी है। हालांकि,भारत और रूस की दोस्ती लंबे समय से कायम है और दोनों देशों के संबंध मजबूत हैं। वहीं,भारत और यूक्रेन के संबंध भी संतुलित बने हुए हैं।

Add Asianetnews Hindi as a Preferred SourcegooglePreferred

भारत आ सकते हैं जेलेंस्की

अब ऐसे में एक बड़ी खबर सामने आ रही है। मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, इस साल के अंत में रूस के राष्ट्रपति भारत का दौरा कर सकते हैं। इसके अलावा यूक्रेन के राष्ट्रपति के भी भारत आने के संकेत मिले हैं। यूक्रेन के राजदूत ने इस बात की जानकारी दी है। इस खबर के बाद अमेरिका में बेचैनी बढ़ सकती है।

भारत और यूक्रेन के रिश्तों में एक नई दिशा

शनिवार को भारत और यूक्रेन के रिश्तों में एक नई दिशा देखने को मिली। दिल्ली के कुतुब मीनार को यूक्रेन के स्वतंत्रता दिवस की पूर्व संध्या पर यूक्रेन के राष्ट्रीय झंडे की रोशनी से सजाया गया था। इस अवसर पर भारत में यूक्रेन के राजदूत ऑलेक्जेंडर पोलिशचुक ने कहा कि भारत और यूक्रेन भविष्य में रणनीतिक साझेदारी की दिशा में तेजी से आगे बढ़ रहे हैं। राजदूत ने यह भी बताया कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने यूक्रेन के राष्ट्रपति वलोडिमीर जेलेंस्की को भारत आने का निमंत्रण दिया है और दोनों देश अब इस दौरे की तारीख तय करने में लगे हैं। उनका कहना था कि राष्ट्रपति जेलेंस्की का भारत दौरा दोनों देशों के संबंधों के लिए बेहद महत्वपूर्ण साबित होगा।

यह भी पढ़ें: बहुत जल्द तीसरी सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था बनेगा भारत, दुनिया के विकास में 20% होगा योगदान: नरेंद्र मोदी

व्लादिमीर पुतिन भी करेंगे भारत का दौरा

इसके अलावा, इसी साल के अंत में रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन भी भारत का दौरा करेंगे। इसकी पुष्टि भारत के राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार अजीत डोभाल ने की है। रूस के राष्ट्रपति का यह दौरा ऐसे समय में हो रहा है, जब भारत और अमेरिका के बीच व्यापारिक संबंधों में तनाव बढ़ा है।