पैन कार्ड क्या है? यह किसके लिए आवश्यक है, कैसे आवेदन करें, और इसके बारे में अन्य महत्वपूर्ण जानकारी।
बच्चों के लिए पैन कार्ड बनवाना काफी आसान है। यह एक जरूरी डॉक्यूमेंट है। जिसका इस्तेमाल इन्वेस्टमेंट से लेकर बैंक अकाउंट तक में होता है। बच्चों का आधार कार्ड उनके पैरेंट्स या कानूनी अभिभावक की आईडी पर ही बनता है।
अब आपके पैन कार्ड में QR कोड लगाया जाएगा। मोदी सरकार ने इसके लिए पैन 2.0 प्रोजेक्ट को मंजूरी दे दिया है। इससे टैक्सपेयर्स का पूरा डेटा एकदम सेफ हो जाएगा।
क्या आपको पता है आपके पैन कार्ड की वैधता कितने साल है? क्या पैन कार्ड की एक्सपायरी डेट होती है? ज़्यादातर लोगों को इसका जवाब नहीं पता होता है. आइए, यहाँ इसकी जानकारी लेते हैं.
आयकर अधिनियम 1961 के सेक्शन 139 A के अनुसार, एक व्यक्ति 1 पैन कार्ड ही रख सकता है। अगर किसी के नाम पर एक पैन कार्ड जारी हो चुका है तो वह दूसरा पैन नहीं बनवा सकता है।
घर बैठे पैन कार्ड बनवाने के लिए कुछ भी खास करने की जरूरत नहीं है। इसकी मदद से आपको कहीं जाने की जरूरत नहीं पड़ेगी और किसी तरह का फीस भी नहीं देनी पड़ती है। यह पैन कार्ड या पैन नंबर आपकी ई-मेल आईडी पर आ जाता है।
पैन कार्ड कई जगहों पर काम आता है। इसलिए अगर आपको पास पैन कार्ड नहीं है तो जल्द से जल्द बनवा लें। आपको कहीं जाने की भी जरूरत नहीं है। हम आपको तरीका बता रहे हैं कि कैसे आप घर बैठे पैन कार्ड बनवा सकते हैं।
पैन कार्ड खो गया है तो चिंता करने की जरूरत नहीं है। आपको बस कुछ जरूरी स्टेप फॉलो करने होंगे। आपको नए पैन कार्ड के लिए अप्लाय करना होगा। पैन कार्ड को रीइश्यू भी करवाया जा सकता है। इसका तरीका बेहद आसान है।
एचडीएफसी ने ग्राहकों के लिए एक जरूरी ट्वीट किया है। ट्वीट में बैंक ने कहा है कि अगर आपके पास बैंक की तरफ से पैन कार्ड अपडेट करने का कोई लिंक भेजा जाए तो उसे बिना सोचे-समझे क्लिक ना करें। बैंक ने और क्या कहा यहां जानें।
पैन कार्ड कई जरूरी डॉक्यूमेंट्स में से एक है। अमूमन लोग 18 साल के बाद ही पैन कार्ड बनवाते हैं। लेकिन आपको बता दें कि आप अपने 18 साल से कम उम्र के बच्चों के लिए भी पैन कार्ड बनवा सकते हैं। इसके लिए कुछ खास मशक्कत की जरूरत नहीं है।