AI Revolution: अब तहज़ीब नहीं, AI से पहचाना जाएगा लखनऊ! योगी सरकार का बड़ा टेक प्लान

Published : May 15, 2026, 09:52 PM IST
up Emerges as Indias Next AI Hub Lucknow to Get First AI City

सार

UP AI Transformation Conclave 2026: उत्तर प्रदेश तेजी से AI और टेक्नोलॉजी हब बनता जा रहा है। लखनऊ में आयोजित AI Transformation Conclave 2026 में योगी सरकार की AI City, यूपी AI Mission, डिजिटल गवर्नेंस और ट्रिलियन डॉलर इकॉनमी विजन पर बड़ा फोकस देखने को मिला।

सीएम योगी के नेतृत्व में उत्तर प्रदेश अब सिर्फ पारंपरिक विकास मॉडल तक सीमित नहीं रह गया है, बल्कि राज्य तेजी से आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस और डीपटेक इनोवेशन के बड़े केंद्र के रूप में अपनी पहचान बना रहा है। कभी तहज़ीब और संस्कृति के लिए पहचाने जाने वाला लखनऊ अब टेक्नोलॉजी, रिसर्च और डिजिटल गवर्नेंस की नई कहानी लिख रहा है। शुक्रवार को राजधानी में आयोजित ‘AI Transformation Conclave 2026’ ने इस बदलाव को और मजबूती दी, जहां देशभर से आए वरिष्ठ आईएएस अधिकारियों, नीति निर्माताओं और टेक्नोलॉजी विशेषज्ञों ने भविष्य की प्रशासनिक व्यवस्था में एआई की भूमिका पर मंथन किया।

प्रशासन में AI की एंट्री, अधिकारियों को दी गई विशेष ट्रेनिंग

कॉन्क्लेव में 50 से अधिक आईएएस अधिकारियों और वरिष्ठ प्रशासकों ने हिस्सा लिया। कार्यक्रम के दौरान ‘The AI-Powered Public Administrator: Competencies for a New Era of Governance’ विषय पर हाई-लेवल कैपेसिटी बिल्डिंग वर्कशॉप आयोजित की गई। इस सत्र का संचालन NIHIT की संस्थापक और इंडिया-यूएस सीईओ फोरम की वर्किंग ग्रुप-7 की शेरपा Dr. Subi Chaturvedi ने किया।

डॉ. सुबी चतुर्वेदी ने कहा कि उत्तर प्रदेश, खासकर लखनऊ, देश में एआई इनोवेशन के लिए सबसे संभावनाशील केंद्र बनता जा रहा है। उनके मुताबिक राज्य सरकार की नीतियों और बढ़ते डिजिटल इंफ्रास्ट्रक्चर ने प्रदेश में टेक्नोलॉजी आधारित निवेश और रिसर्च के लिए मजबूत माहौल तैयार किया है।

यह भी पढ़ें: PM Awas Yojana में मध्यप्रदेश बना नंबर-1, 10 लाख से अधिक घर स्वीकृत

लखनऊ में बनेगी देश की पहली AI City

कॉन्क्लेव में उत्तर प्रदेश सरकार की महत्वाकांक्षी एआई नीति पर भी विस्तार से चर्चा हुई। हाल ही में लखनऊ की वृंदावन योजना में करीब 368 करोड़ रुपये की लागत से देश की पहली AI City को मंजूरी दी गई है। इसके अलावा यूपी AI Mission के लिए 225 करोड़ रुपये का विशेष बजट भी निर्धारित किया गया है। सरकार का दावा है कि यह प्रोजेक्ट सिर्फ टेक्नोलॉजी पार्क तक सीमित नहीं रहेगा, बल्कि यहां रिसर्च, स्टार्टअप्स, स्किल डेवलपमेंट, साइबर सिक्योरिटी और डिजिटल गवर्नेंस का बड़ा इकोसिस्टम विकसित किया जाएगा। इससे युवाओं के लिए रोजगार और इनोवेशन के नए अवसर पैदा होने की उम्मीद है।

ट्रिलियन डॉलर इकॉनमी लक्ष्य को मिलेगी रफ्तार

स्टेट ट्रांसफॉर्मेशन कमीशन के मुख्य कार्यकारी अधिकारी Manoj Kumar Singh ने कहा कि उत्तर प्रदेश सरकारी कार्यप्रणालियों में एआई ट्रांसफॉर्मेशन का राष्ट्रीय मॉडल बनने की दिशा में आगे बढ़ रहा है। उनका मानना है कि एआई आधारित प्रशासनिक सुधार राज्य की ट्रिलियन डॉलर अर्थव्यवस्था के लक्ष्य को गति देंगे। वहीं आईटी एवं इलेक्ट्रॉनिक्स विभाग के प्रमुख सचिव Alok Kumar ने कहा कि सरकार एआई, क्वांटम कंप्यूटिंग और डीपटेक जैसी नई तकनीकों के लिए मजबूत इंफ्रास्ट्रक्चर तैयार कर रही है। हालिया बजट में इन क्षेत्रों के लिए विशेष प्रावधान किए गए हैं।

AI से बदलेंगी नागरिक सेवाएं और गवर्नेंस

कॉन्क्लेव में साइबर सुरक्षा, डिजिटल गवर्नेंस, MSME, स्टार्टअप्स और नागरिक सेवाओं में एआई की भूमिका पर भी गहन चर्चा हुई। विशेषज्ञों ने माना कि आने वाले समय में सरकारी सेवाओं की पारदर्शिता, गति और जवाबदेही बढ़ाने में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस अहम भूमिका निभाएगा। डॉ. सुबी चतुर्वेदी ने प्रधानमंत्री Narendra Modi द्वारा प्रस्तुत ‘MANAV’ फ्रेमवर्क का उल्लेख करते हुए कहा कि भविष्य का एआई नैतिक, जवाबदेह, सुलभ और मानव केंद्रित होना चाहिए। उन्होंने जोर देकर कहा कि सुरक्षित और भरोसेमंद एआई ही समावेशी विकास का आधार बन सकता है।

NIHIT क्या है और क्यों अहम माना जा रहा है?

NIHIT प्लेटफॉर्म इंडिया-यूएस सीईओ फोरम के तहत संचालित एक अहम पहल है, जिसे InMobi, Mastercard और Tata Sons का समर्थन प्राप्त है। यह प्लेटफॉर्म भारत और अमेरिका के बीच इनोवेशन, स्टार्टअप्स, एमएसएमई, साइबर सुरक्षा और ग्लोबल सप्लाई चेन को मजबूत करने के लिए नॉलेज-शेयरिंग नेटवर्क के रूप में काम करता है।

क्यों अहम है यूपी का AI मॉडल?

विशेषज्ञों का मानना है कि यदि उत्तर प्रदेश अपनी एआई नीति को प्रभावी तरीके से जमीन पर उतारने में सफल रहता है, तो यह राज्य देश के सबसे बड़े डिजिटल और टेक्नोलॉजी हब के रूप में उभर सकता है। बड़ी आबादी, तेजी से बढ़ता डिजिटल इंफ्रास्ट्रक्चर और सरकारी स्तर पर स्पष्ट टेक विजन यूपी को देश के अन्य राज्यों से अलग पहचान दिला सकता है।

यह भी पढ़ें: यूपी में सामूहिक विवाह योजना का बड़ा असर, अल्पसंख्यक समाज में बढ़ा भरोसा

PREV

उत्तर प्रदेश में हो रही राजनीतिक हलचल, प्रशासनिक फैसले, धार्मिक स्थल अपडेट्स, अपराध और रोजगार समाचार सबसे पहले पाएं। वाराणसी, लखनऊ, नोएडा से लेकर गांव-कस्बों की हर रिपोर्ट के लिए UP News in Hindi सेक्शन देखें — भरोसेमंद और तेज़ अपडेट्स सिर्फ Asianet News Hindi पर।

Read more Articles on

Recommended Stories

यूपी में सामूहिक विवाह योजना का बड़ा असर, अल्पसंख्यक समाज में बढ़ा भरोसा
UP Weather Update: यूपी वालों सावधान! अगले 24 घंटे भारी! मौसम विभाग ने जारी किया बड़ा अलर्ट