Hero Motors Share Price: हीरो मोटर्स का शेयर ₹84 के इश्यू प्राइस के मुकाबले BSE पर ₹82.10 और NSE पर ₹82 पर लिस्ट हुआ। जानें अब शेयर को होल्ड करें या बेचकर निकल जाएं।
Hero Motors Share Listing Update: ऑटो पार्ट्स बनाने वाली जानी-मानी कंपनी हीरो मोटर्स के शेयरों ने बुधवार को शेयर बाजार में लाल निशान के साथ कदम रखा है। कंपनी का आईपीओ 6 गुना से ज्यादा भरा था, लेकिन लिस्टिंग वाले दिन निवेशकों को मुनाफा होने के बजाय हल्का झटका लगा है। कंपनी ने इश्यू का फाइनल भाव ₹84 तय किया था, लेकिन जब शेयर बाजार खुला तो ये अपने तय भाव से नीचे यानी डिस्काउंट पर लिस्ट हुआ। अगर आपको भी इसके शेयर मिले हैं या आप बाजार से नया शेयर खरीदने की सोच रहे हैं, तो जानिए पहले दिन का पूरा हाल और आगे क्या करना सही रहेगा...
Hero Motors: किस भाव पर खुला शेयर?
| फैक्टर्स | BSE | NSE |
|---|---|---|
| इश्यू प्राइस | ₹84 | ₹84 |
| लिस्टिंग का भाव | ₹82.10 | ₹82.00 |
| लिस्टिंग पर गिरावट | 2.26% की छूट | 2.38% की छूट |
| लॉट साइज | 178 शेयर | 178 शेयर |
Hero Motors Share: जब मांग इतनी जबरदस्त थी, तो शेयर गिरा क्यों?
हीरो मोटर्स के आईपीओ को लेकर निवेशकों में काफी उत्साह देखा गया था। कंपनी ने कुल 8.86 करोड़ शेयर बेचे थे, जिसके बदले करीब 58.97 करोड़ शेयरों की बोलियां आ गईं। पूरा आईपीओ कुल मिलाकर 6.66 गुना सब्सक्राइब हुआ था। आम रिटेल निवेशकों का कोटा 8.23 गुना और बड़े अमीर निवेशकों (NII) का कोटा करीब 9.86 गुना भरा था। इतनी ज्यादा मांग के बाद भी डिस्काउंट पर लिस्ट होने की मुख्य वजह बाजार का मिला-जुला मूड और संस्थागत खरीदारों (QIB) की सीमित दिलचस्पी (सिर्फ 1.49 गुना मांग) मानी जा रही है।
Hero Motors क्या करती है?
लिस्टिंग भले ही कमजोर हुई हो, लेकिन कंपनी का काम काफी बड़ा है। कंपनी BMW और डुकाटी (Ducati) जैसी दुनिया की दिग्गज ऑटो कंपनियों को पार्ट्स सप्लाई करती है। ये पेट्रोल-डीजल और इलेक्ट्रिक गाड़ियों (EVs, ई-बाइक, हाइब्रिड कारों) के पावरट्रेन सिस्टम तैयार करती है। भारत, ब्रिटेन और थाईलैंड में इसके 6 मैन्युफैक्चरिंग प्लांट चल रहे हैं।
हीरो मोटर्स शेयर बेचें या होल्ड करें?
मार्केट एक्सपर्ट्स के अनुसार, अगर आपके पास हीरो मोटर्स के शेयर हैं, तो अपने टारगेट के हिसाब से फैसला लें। शॉर्ट टर्म निवेशक जिन्होंने सिर्फ पहले दिन मुनाफे के लिए पैसा लगाया था, अगर आपका इरादा सिर्फ लिस्टिंग गेन का था, तो ज्यादा नुकसान से बचने के लिए एक सख्त स्टॉप-लॉस तय कर लें। शेयर में अगर थोड़ा भी उछाल आता है और भाव ₹84 के पास पहुंचता है, तो नुकसान कम करके निकलने का मौका देख सकते हैं।
लॉन्ग टर्म के निवेशक क्या करें?
मार्केट एक्सपर्ट्स के अनुसार, कंपनी का बिजनेस मॉडल ग्लोबल लेवल पर फैला हुआ है और ईवी सेक्टर में इसकी मजबूत मौजूदगी है। अगर आप 1 से 2 साल का नजरिया रखते हैं, तो शुरुआती गिरावट में पैनिक सेलिंग (घबराहट में बेचने) से बचें और कंपनी के अगले तिमाही नतीजों पर नजर रखें। नई खरीदारी करने वाले लिस्टिंग के पहले ही दिन नीचे गिरते शेयर में एकदम से कूदने से बचें। शेयर को पहले कुछ दिन कारोबार करने दें और उसका बेस बनने दें।
डिस्क्लेमर: यह आर्टिकल सिर्फ जानकारी और शेयर बाजार के ताजा आंकड़ों पर आधारित है। इसे निवेश की सलाह न मानें। शेयर बाजार निवेश जोखिमों के अधीन है। किसी भी निवेश से पहले अपने वित्तीय सलाहकार से सलाह जरूर लें।


