Muhurat Trading 2026: दिवाली पर शेयर बाजार की 69 साल पुरानी परंपरा टूट गई है। इस बार 'मुहूर्त ट्रेडिंग' शाम को नहीं होगी। जानिए कितने बजे बाजार खुलेगा और कब बंद होगा।
Diwali Muhurat Trading Time: दिवाली पर शेयर बाजार में पैसा लगाने वालों के लिए एक बहुत बड़ी और जरूरी खबर है। पिछले 69 सालों से चली आ रही पुरानी परंपरा इस बार टूटने जा रही है। नेशनल स्टॉक एक्सचेंज (NSE) ने इस साल 'मुहूर्त ट्रेडिंग' (Muhurat Trading 2026) के समय में बड़ा बदलाव कर दिया है। आमतौर पर दिवाली के दिन शेयर बाजार शाम के समय एक घंटे के लिए खुलता था। लेकिन इस बार रविवार, 8 नवंबर 2026 को होने वाली स्पेशल लाइव ट्रेडिंग शाम को नहीं, बल्कि दोपहर में होगी। ऐसे में आइए जानते हैं ये मुहूर्त ट्रेडिंग आखिर क्या होती है? इस बार इसका टाइम क्यों खास है और आम निवेशकों को इस दौरान किन बातों का ध्यान रखना चाहिए...
मुहूर्त ट्रेडिंग 2026 की टाइमिंग क्या है?
NSE ने ऑफिशियल सर्कुलर जारी करके इस स्पेशल ट्रेडिंग सेशन की पूरी जानकारी दी है। अगर आप भी दिवाली के दिन कोई शेयर खरीदने या बेचने की प्लानिंग कर रहे हैं, तो अपने मोबाइल में अलार्म सेट कर लें।
नॉर्मल मार्केट खुलने का समय (Market Opens): दोपहर 2:20 बजे
मार्केट बंद होने का समय (Market Closes): दोपहर 3:30 बजे
पोजीशन लिमिट और कोलैटरल कट-ऑफ (Cut-off Time): दोपहर 3:40 बजे
ट्रेड मॉडिफिकेशन का आखिरी समय: दोपहर 3:40 बजे
69 साल पुरानी परंपरा में क्या बदल गया?
शेयर बाजार के निवेशकों के लिए यह बदलाव काफी नया और रिफ्रेशिंग होने वाला है। पिछले करीब 7 दशकों (69 साल) से जब से मुहूर्त ट्रेडिंग की ऑफिशियल शुरुआत हुई थी, तब से ये हमेशा शाम को ही होती आई है। लोग पूजा-पाठ के बाद रात के समय शेयर खरीदते थे। लेकिन इस बार ट्रेडर्स को रात का इंतजार नहीं करना पड़ेगा। वे दिन में ही बाजार में अपनी शुभ शुरुआत कर सकेंगे। बाजार से जुड़े ज्यादातर लोग और निवेशक इस बदलाव का स्वागत कर रहे हैं। उनका मानना है कि दोपहर में ट्रेडिंग होने से उन्हें शाम को अपने परिवार के साथ त्योहार मनाने का पूरा समय मिलेगा।
मुहूर्त ट्रेडिंग क्या होती है?
मुहूर्त ट्रेडिंग दिवाली के मौके पर शेयर बाजार में होने वाला एक खास ट्रेडिंग सेशन है। भारतीय परंपरा में दिवाली को नई शुरुआत और समृद्धि से जोड़कर देखा जाता है। इसी वजह से कई निवेशक इस दिन शेयर खरीदना शुभ मानते हैं। इस सेशन में भी शेयर बाजार के सामान्य नियम लागू होते हैं। निवेशक शेयर खरीद और बेच सकते हैं, लेकिन बाजार में कीमतें ऊपर जाएंगी या नीचे, इसकी कोई गारंटी नहीं होती है। यानी मुहूर्त ट्रेडिंग का मकसद शुभ शुरुआत करना हो सकता है, लेकिन निवेश का फैसला सोच-समझकर लेना जरूरी है।
मुहूर्त ट्रेडिंग से पहले इन 5 बातों का रखें ध्यान
- इस बार बाजार दोपहर 2:20 बजे खुलेगा और 3:30 बजे बंद होगा। इसलिए अपने ब्रोकर के ऐप या वेबसाइट पर समय की कंफर्म कर लें।
- सिर्फ दिवाली के उत्साह में जरूरत से ज्यादा पैसा निवेश न करें। उतनी ही रकम लगाएं, जिसका जोखिम आप समझते हैं और उठा सकते हैं।
- किसी दोस्त की सलाह, सोशल मीडिया पोस्ट या बिना जांचे मिले टिप के आधार पर शेयर न खरीदें। कंपनी के कामकाज और निवेश से जुड़े जोखिमों को समझें।
- खास सेशन होने का मतलब ये नहीं कि हर शेयर सस्ता मिलेगा या हर ट्रेड में फायदा होगा। अपना फैसला तय योजना के आधार पर लें।
- अगर आप पहली बार शेयर बाजार में कदम रख रहे हैं, तो पहले ट्रेडिंग के नियम समझें। सिर्फ परंपरा निभाने के लिए बड़ी रकम लगाने की जरूरत नहीं है।
Stock Market Muhurat Trading 2026 FAQs: मुहूर्त ट्रेडिंग 2026 से जुड़े सवाल
मुहूर्त ट्रेडिंग 2026 कब होगी?
NSE के बताए शेड्यूल के अनुसार, मुहूर्त ट्रेडिंग रविवार, 8 नवंबर 2026 को होगी।
मुहूर्त ट्रेडिंग 2026 में बाजार कितने बजे खुलेगा?
सामान्य ट्रेडिंग सेशन दोपहर 2:20 बजे शुरू होगा और 3:30 बजे तक चलेगा।
क्या मुहूर्त ट्रेडिंग में शेयर खरीदना जरूरी है?
नहीं, यह पूरी तरह आपकी पसंद है। सिर्फ परंपरा निभाने के लिए निवेश करना जरूरी नहीं है।
क्या मुहूर्त ट्रेडिंग में मुनाफा पक्का होता है?
नहीं, शेयर बाजार में किसी भी ट्रेड से मुनाफे की गारंटी नहीं होती है। निवेश से पहले रिस्क समझना जरूरी है।
क्या नए निवेशक भी मुहूर्त ट्रेडिंग में हिस्सा ले सकते हैं?
हां, लेकिन उन्हें बाजार के नियम समझकर, अपनी क्षमता के अनुसार और सोच-समझकर निवेश करना चाहिए।
डिस्क्लेमर: इस आर्टिकल में दी गई 'मुहूर्त ट्रेडिंग' के समय और शेड्यूल की जानकारी सिर्फ सामान्य जानकारी और सूचना के उद्देश्य से है। शेयर बाजार में निवेश बाजार जोखिमों के अधीन है। किसी भी निवेश से पहले अपने सेबी प्रमाणित वित्तीय सलाहकार (SEBI Certified Financial Advisor) से सलाह जरूर लें।








