IIT-JEE में फेल होने के बावजूद अपनी मेहनत से गूगल तक पहुंचने वाले एक इंडियन टेकी ने अपनी मां को एक शानदार सरप्राइज दिया। अभिजय ने 2025 में किस कंपनी में प्रोडक्ट मैनेजर के रूप में जॉइन किया? अभिजय के AI रिज्यूमे टूल ने उनके करियर में क्या भूमिका निभाई?

Inspirational Story: नाकामयाबी अक्सर हमारा दिल तोड़ देती है, लेकिन जो लोग हार नहीं मानते, जिंदगी में कामयाबी उन्हीं के कदम चूमती है। भारत की सबसे कठिन परीक्षाओं में से एक, IIT-JEE में फेल होने के बाद भी, अपनी मेहनत के दम पर गूगल तक पहुंचने वाले एक इंडियन टेकी ने कुछ ऐसा ही कर दिखाया है। उन्होंने अपनी सिंगल मदर को एक ऐसा तोहफा दिया, जिसे देखकर उनकी मां की खुशी का ठिकाना नहीं रहा। बेटे ने मां के साथ अपनी तस्वीर दुनिया के सबसे मशहूर टाइम्स स्क्वायर के बिलबोर्ड पर लगवा दी। इसके बाद मां को वीडियो कॉल करके यह सरप्राइज दिखाया। बेटे के पीछे टाइम्स स्क्वायर पर अपनी तस्वीर देखकर मां की खुशी देखने लायक थी।

हर नाकामी में मां ने दिया साथ

अमेरिका में गूगल में काम करने वाले अभिजय अरोड़ा ने अपनी मां को वीडियो कॉल किया और पीछे लगे एक बड़े से स्क्रीन पर देखने को कहा। देखते ही देखते बिलबोर्ड पर मां-बेटे की एक बड़ी सी तस्वीर चमकने लगी। यह तस्वीर अभिजय के ग्रेजुएशन समारोह की थी। दुनिया के सबसे बड़े शहर के सबसे मशहूर बिलबोर्ड पर अपनी मां की तस्वीर देखकर बेटे की खुशी का भी कोई ठिकाना नहीं था। उन्होंने बताया कि उनके पिता नहीं हैं और उनकी मां ने ही उन्हें अकेले पाला है। उन्होंने पुरानी किताबों से पढ़ाई की, लेकिन मां ने उन्हें सबसे अच्छे स्कूल में पढ़ाया। मां रात-रात भर जागकर उन्हें पढ़ाती थीं। अभिजय ने अपनी कहानी शेयर करते हुए लिखा, "2012 में जब मैं IIT में फेल हुआ, तो वो भी रोईं और मैं भी। 2016 में बिना कैंपस जॉब के ग्रेजुएशन पूरी की। सभी बिजनेस स्कूलों ने मुझे रिजेक्ट कर दिया।"

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नाकामयाबी से कामयाबी तक का सफर

अभिजय ने वीडियो शेयर करते हुए कहा कि सालों की अनिश्चितता और मुश्किलों में साथ खड़ी रहने वाली मां को धन्यवाद कहने का यह उनका तरीका है। उन्होंने लिखा, "यह मेरी जिंदगी का सबसे खास दिन था, मैंने अपनी मां के सभी बलिदानों के लिए उन्हें धन्यवाद देने के लिए न्यूयॉर्क टाइम्स स्क्वायर बिलबोर्ड पर उनकी तस्वीर लगवाई।" अमेरिका में भी उन्हें नौकरी के लिए भटकना पड़ा। उस मुश्किल वक्त में उनकी मां और पत्नी ने उनका साथ दिया। जब वह बेरोजगार थे तो पत्नी ने आर्थिक रूप से मदद की, जबकि मां हमेशा हौसला बढ़ाती रहीं। आखिरकार, एक AI रिज्यूमे टूल बनाना अभिजय के लिए टर्निंग पॉइंट साबित हुआ।

इसके बाद उन्हें हार्वर्ड यूनिवर्सिटी में एडमिशन मिला। 2025 में उन्होंने सैन फ्रांसिस्को में यूट्यूब के प्रोडक्ट मैनेजर के तौर पर गूगल जॉइन किया। बाद में उन्होंने सिलिकॉन वैली की सफल AI कंपनियों के CEOs के साथ एक पॉडकास्ट शुरू किया। आज उनकी 6,00,000 से ज्यादा फॉलोअर्स की एक ऑनलाइन कम्युनिटी है। अभिजय का यह वीडियो सोशल मीडिया पर हजारों लोगों का दिल जीत रहा है। एक यूजर ने लिखा, “इसने मुझे सच में खुश कर दिया। ऐसे ही आगे बढ़ते रहो और अपनी मां को और भी गौरवान्वित करो।”