Job Offer Letter Controversy: कोलकाता में नौकरी के लिए कई राउंड के बाद पहले एक दिन काम करने और फिर ऑफर लेटर देने के दावे से नई बहस शुरू हो गई है, जानें पूरा मामला।
Viral LinkedIn Job Post: नौकरी के लिए कई राउंड के इंटरव्यू देने के बाद अगर उम्मीदवार से कहा जाए कि पहले एक दिन काम करके दिखाइए, फिर ऑफर लेटर मिलेगा, तो सवाल उठना लाजिमी है। कोलकाता से सामने आए एक ऐसे ही कथित हायरिंग अनुभव ने सोशल मीडिया पर नौकरी और भर्ती प्रक्रिया को लेकर बहस छेड़ दी है। जानिए क्या है पूरा मामला।
कई राउंड के बाद अचानक बोला- आज ही जॉइन करो
यह मामला LinkedIn पर अरात्रिका मन्ना की एक पोस्ट के बाद सामने आया। अरात्रिका मन्ना ने दावा किया कि उनकी बहन ने कोलकाता की एक जानी-पहचानी कंपनी में नौकरी के लिए कई राउंड के इंटरव्यू दिए थे। पूरी प्रक्रिया के बाद उन्हें कथित तौर पर बताया गया कि उन्हें उसी दिन जॉइन करना होगा। उम्मीदवार ने सोमवार से काम शुरू करने की बात कही, लेकिन पोस्ट के मुताबिक कंपनी की ओर से इसे स्वीकार नहीं किया गया।
इसके बाद मामला और चर्चा में आ गया। अरात्रिका मन्ना के अनुसार, जब उनकी बहन ने ऑफर लेटर मांगा तो उन्हें कथित तौर पर बताया गया कि पहले एक दिन काम करना होगा और उसके बाद ऑफर लेटर दिया जाएगा।
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सैलरी, नाइट शिफ्ट और ट्रांसपोर्ट पर भी सवाल
LinkedIn पोस्ट में दावा किया गया कि प्रस्तावित वेतन उम्मीदवार की अपेक्षा और बाजार के हिसाब से काफी कम था। इसके साथ नाइट शिफ्ट के लिए ट्रांसपोर्ट फैसलिटी, नाइट शिफ्ट अलाउंस या काम के समय के बदले किसी अतिरिक्त लाभ का प्रावधान नहीं होने की बात भी कही गई।
अरात्रिका मन्ना ने अपनी पोस्ट में जोर दिया कि मुद्दा सिर्फ ज्यादा सैलरी की मांग का नहीं है। उनके मुताबिक, उम्मीदवार को नौकरी शुरू करने से पहले वेतन, काम के घंटे, शिफ्ट, जॉइनिंग की शर्तें और रोजगार की बाकी जरूरी जानकारी साफ तौर पर मिलनी चाहिए। नीचे देखें वायरल पोस्ट-
सोशल मीडिया पर लोगों ने क्या कहा?
पोस्ट पर कई लोगों ने इस तरह की भर्ती प्रक्रिया को लेकर चिंता जताई। कुछ यूजर्स ने कहा कि ऑफर लेटर से पहले काम शुरू कराना एक बड़ा रेड फ्लैग हो सकता है। वहीं, कुछ लोगों ने यह भी कहा कि दिल्ली और नोएडा जैसे शहरों में नाइट शिफ्ट के लिए ट्रांसपोर्ट या अतिरिक्त भत्ते का न मिलना कुछ नौकरियों में देखने को मिलता है।
दूसरी ओर, कुछ कमेंट्स में लोगों ने अपने अनुभव शेयर करते हुए कहा कि उन्होंने कोलकाता में छोटी कंपनियों और स्टार्टअप्स में भी औपचारिक भर्ती प्रक्रिया का पालन होते देखा है। यानी इस मामले पर सोशल मीडिया पर राय एक जैसी नहीं रही।
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उम्मीदवारों के लिए क्यों जरूरी है ऑफर लेटर?
इस पूरे मामले का सबसे अहम पहलू यही है कि नौकरी शुरू करने से पहले उम्मीदवार को रोजगार की शर्तें स्पष्ट रूप से समझ लेनी चाहिए। सैलरी, डेजिगनेशन, वर्किंग आवर, शिफ्ट टाइमिंग, प्रोबेशन, नोटिस पीरिएड और अन्य शर्तों की जानकारी पहले लेना बाद की गलतफहमी से बचा सकता है। फिलहाल वायरल पोस्ट में कंपनी का नाम सार्वजनिक नहीं किया गया है और कंपनी की ओर से इस दावे पर कोई सत्यापित प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है।
