एक व्यक्ति ने मुख्यमंत्री से कहा कि फीस न जमा कर पाने की वजह से उसकी बेटी का नाम काट दिया गया है। 

करियर डेस्क. पंजाब मुख्यमंत्री अमरिंदर सिंह (Punjab Chief Minister Captain Amarinder Singh) ने शनिवार को घोषणा की है कि साल 2020-21 एकेडमिक सेशन के लिए कोई भी सरकारी स्कूल एडमिश, रि-एडमिशन या ट्यूशन शुल्क चार्ज नहीं करेगा। जहां तक प्राइवेट स्कूलों द्वारा शुल्क चार्ज करने की बात है तो सरकार पहले ही कोर्ट जा चुकी है लेकिन सरकारी स्कूल पूरे साल तक कोई भी फीस चार्ज नहीं करेंगे।

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31 हजार छात्रों को 11वीं में मिलेगा एडमिशन

इसके अलावा मुख्यमंत्री ने ओपन स्कूल के कक्षा 10 के 31 हज़ार छात्रों के 11वीं कक्षा में प्रोविजनल एडमिशन के लिए भी कहा- क्योंकि इन्हें कोरोना वायरस के चलते प्रमोट नहीं किया जा सका। मुख्यमंत्री ने कहा कि इनका भविष्य विपरीत तरीके से प्रभावित न हो इसलिए राज्य सरकार ने ऐसा फैसला किया है। हालांकि, एक बार स्थिति सामान्य होने पर उन्हें परीक्षा देनी होगी।

#AskCaptain के तहत की घोषणा

यह घोषणा मुख्यमंत्री ने कल #AskCaptain एडिशन के दौरान की। इसके अलावा उन्होंने उन 335 छात्रों के लिए कैश प्राइज़ की भी घोषणा की जिन्हें 12वीं कक्षा में 98 फीसदी अंक मिले थे। फतेहगढ़ साहिब जिले से एक व्यक्ति ने मुख्यमंत्री से कहा कि फीस न जमा कर पाने की वजह से उसकी बेटी का नाम काट दिया गया है। 

फीस मांगने वाले स्कूलों पर होगी कार्रवाई

इस पर मुख्यमंत्री ने कहा कि वे जल्द ही वहां के डीसी से बात करेंगे ताकि वे इस मामले में हस्तक्षेप करके बच्चे का नाम फि से स्कूल में लिखा जाना सुनिश्चित करें। उन्होंने कहा कि कोई भी स्कूल इस तरह से स्टूडेंट को हटा नहीं सकता है। अगर जरूरत पड़ी तो स्कूल के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी।