मुख्यमंत्री अशोक गहलोत (Ashok Gehlot) की अध्यक्षता में हुई कैबिनेट की बैठक में रीट भर्ती परीक्षा (REET Exams) को लेकर बड़ा फैसला लिया गया जिसमें कहा गया की रीट की वैधता आजीवन रहेगी।

करियर डेस्क. राजस्थान सरकार ने बड़ा फैसला किया है। मुख्यमंत्री अशोक गहलोत (Ashok Gehlot) की अध्यक्षता में हुई कैबिनेट की बैठक में रीट भर्ती परीक्षा (REET Exams) को लेकर बड़ा फैसला लिया गया जिसमें कहा गया की रीट की वैधता आजीवन रहेगी, इसके साथ ही प्राथमिक एवं उच्च प्राथमिक शिक्षकों की भर्ती के लिए प्रतियोगी परीक्षा देनी होगी। सीएम अशोक गहलोच ने इस बात की जानकारी ट्वीट कर दी। उन्होंने कहा कि- कैबिनेट ने प्राथमिक और उच्च प्राथमिक अध्यापक पद की सीधी भर्ती की प्रक्रिया और पद्धति निर्धारण के लिए राजस्थान पंचायती राज नियम 1996 को संशोधित करने का निर्णय किया है।

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क्या कहा सीएम ने
अशोक गलहोत ने ट्वीट कर बताया- मुख्यमंत्री निवास पर हुई राज्य मंत्रिमंडल की बैठक में व्यापक जनहित को देखते हुए राजस्थान भू राजस्व अधिनियम की धारा 90-ए में संशोधन, रीट परीक्षा की वैधता आजीवन रखने, प्राथमिक एवं उच्च प्राथमिक विद्यालयों के शिक्षकों की भर्ती प्रतियोगी परीक्षा के माध्यम से किए जाने। इस निर्णय से राज्य सरकार द्वारा निर्धारित एजेंसी से प्राथमिक एवं उच्च प्राथमिक स्तर के अधिक योग्य अध्यापकों का चयन पूर्ण पारदर्शिता से हो सकेगा। कैबिनेट ने इसके साथ ही यह भी निर्णय किया कि प्रदेश में राजस्थान अध्यापक पात्रता परीक्षा ‘रीट’ की वैधता अब आजीवन रहेगी।

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उन्होंने कहा कि- मंत्रिमंडल के इस निर्णय से प्राथमिक और उच्च प्राथमिक विद्यालय में अध्यापक के पद पर चयन प्राधिकृत अभिकरण द्वारा प्रतियोगी परीक्षा आयोजित कर प्राप्तांकों की मेरिट के आधार पर किया जाएगा। अब तक यह चयन रीट के प्राप्तांकों के आधार पर किया जाता था।

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इस फैसले पर भी निर्णय
कैबिनेट ने प्राथमिक और उच्च प्राथमिक अध्यापक पद की सीधी भर्ती की प्रक्रिया और पद्धति निर्धारण के लिए राजस्थान पंचायती राज नियम 1996 को संशोधित करने का निर्णय लिया। इस निर्णय से प्राथमिक और उच्च प्राथमिक विद्यालय में शिक्षक पद पर चयन प्राधिकृत अभिकरण द्वारा प्रतियोगी परीक्षा आयोजित कर मेरिट के आधार पर किया जाएगा। बता दें कि अब तक यह चयन रीट में मिले नंबरों के आधार पर किया जाता था।