दिग्गज एक्टर नाना पाटेकर नहीं रहे। वे बॉलीवुड के उन कलाकारों में से थे, जिनकी फिल्मों में मौजूदगी का दर्शकों को बेसब्री से इंतज़ार रहता था। जानिए कभी 35 रुपए महीने कमाने वाले नाना पाटेकर परिवार के लिए कितनी दौलत छोड़ गए।

नाना पाटेकर के निधन ने भारतीय सिनेमा को बड़ा झटका दिया है। 75 साल की उम्र में दुनिया को अलविदा कहने वाले अभिनेता ने बेहद संघर्ष से अपनी पहचान बनाई थी। एक समय ऐसा था जब वह महज 35 रुपए महीने कमाते थे और 13 साल की उम्र से परिवार की मदद के लिए काम करने लगे थे। आगे चलकर उन्होंने हिंदी और मराठी सिनेमा में अपनी अलग पहचान बनाई और करोड़ों की संपत्ति खड़ी की। अब उनके निधन के बाद उनकी कमाई और परिवार के लिए छोड़ी गई दौलत को लेकर सवाल उठ रहे हैं। उपलब्ध रिपोर्ट्स के मुताबिक, नाना पाटेकर की अनुमानित नेटवर्थ करीब 80 करोड़ रुपए थी।

नाना पाटेकर कितनी दौलत छोड़ गए?

नाना पाटेकर की कुल संपत्ति का सटीक आधिकारिक आंकड़ा सार्वजनिक नहीं है, लेकिन विभिन्न रिपोर्ट्स उनकी नेटवर्थ करीब 80 करोड़ रुपए बताती रही हैं। उनकी कमाई का बड़ा हिस्सा फिल्मों से आया। रिपोर्ट्स के मुताबिक वह एक फिल्म के लिए करीब 2 से 3 करोड़ रुपए तक फीस लेते थे। इसके अलावा प्रॉपर्टी और दूसरे कामों से भी उनकी आमदनी होती थी।

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35 रुपए से 80 करोड़ तक कैसे पहुंची नाना की कहानी?

नाना पाटेकर की जिंदगी की शुरुआत बेहद संघर्षपूर्ण रही। परिवार के कारोबार पर संकट आने के बाद उन्होंने कम उम्र में काम शुरू कर दिया था। सिर्फ 13 साल की उम्र में फिल्म पोस्टर पेंट करने का काम किया और इसके लिए उन्हें करीब 35 रुपए महीने मिलते थे। वह रोज लगभग 8 किलोमीटर पैदल चलकर काम पर जाते थे। यही दौर आगे उनके व्यक्तित्व की मजबूती की नींव बना।

नाना पाटेकर के परिवार में कौन-कौन है?

नाना पाटेकर ने 1978 में नीलकांति पाटेकर से शादी की थी। दोनों बाद में अलग हो गए। दंपति के दो बेटे थे, जिनमें से एक का बचपन में निधन हो गया। उनका बेटा मल्हार पाटेकर है। हालांकि, उनकी मृत्यु के बाद संपत्ति किस तरह परिवार में बंटेगी, इसे लेकर कोई सार्वजनिक आधिकारिक जानकारी सामने नहीं आई है।

नाना पाटेकर ने करोड़ों की संपत्ति कैसे बनाई?

फिल्मों में उनका सफर ‘गमन’ से शुरू हुआ, जबकि ‘अंकुश’ ने उन्हें व्यापक पहचान दिलाई। इसके बाद ‘परिंदा’, ‘तिरंगा’, ‘क्रांतिवीर’, ‘अग्निसाक्षी’, ‘खामोशी’ और ‘भूत’ जैसी फिल्मों ने उनकी शोहरत मजबूत की। अभिनय के साथ उन्होंने निर्देशन, लेखन और दूसरे प्रोजेक्ट्स में भी काम किया। इसी लंबे करियर ने उनकी आर्थिक स्थिति को पूरी तरह बदल दिया।