Malayalam actor Salim Kumar biography: मलयालम सिनेमा के दिग्गज कॉमेडियन और एक्टर सलीम कुमार कितने साल के थे? उनका निधन कैसे हुआ? कभी हंसी के चेहरे माने जाने वाले सलीम ने अपनी किन भूमिकाओं से लोगों को चौंकाया? क्या वे सिर्फ कॉमेडियन थे या एक गंभीर एक्टर? क्या ‘अदमिंते मकान अबू’ ने उनकी किस्मत बदल दी?

मलयालम फिल्म इंडस्ट्री से एक बेहद दुखद खबर सामने आई है, जहां मशहूर एक्टर और कॉमेडियन सलीम कुमार का 56 वर्ष की उम्र में निधन हो गया। अपनी बेहतरीन कॉमिक टाइमिंग और यादगार डायलॉग्स के लिए पहचाने जाने वाले सलीम कुमार ने दशकों तक दर्शकों को हंसाया, लेकिन उन्होंने गंभीर एक्टिंग में भी अपनी अलग पहचान बनाई। कोच्चि के एक निजी अस्पताल में तबीयत बिगड़ने के बाद उन्हें वेंटिलेटर सपोर्ट पर रखा गया था, जहां उन्होंने अंतिम सांस ली। उनके निधन से पूरी मलयालम इंडस्ट्री शोक में डूब गई है। उनके चाहने वाले उन्हें सिर्फ एक कॉमेडियन नहीं, बल्कि एक बहुआयामी कलाकार के रूप में याद कर रहे हैं।

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कौन थे सलीम कुमार? हंसी के पीछे छिपा एक गहरा कलाकार

सलीम कुमार मलयालम सिनेमा के उन चुनिंदा कलाकारों में से थे जिन्होंने कॉमेडी को एक नई पहचान दी। 1997 में फिल्मी करियर शुरू करने वाले सलीम ने ‘C.I.D. Moosa’ और ‘Pulival Kalyanam’ जैसी हिट फिल्मों से घर-घर में पहचान बनाई। उनकी कॉमिक टाइमिंग इतनी प्रभावी थी कि उनके डायलॉग्स आज भी आम बातचीत का हिस्सा हैं। लेकिन यही कलाकार आगे चलकर गंभीर किरदारों में भी अपनी गहरी छाप छोड़ गया।

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कॉमेडी से गंभीर एक्टिंग तक सलीम कुमार का शानदार सफर

जहां एक ओर सलीम कुमार को दर्शक कॉमेडियन के रूप में जानते थे, वहीं ‘Perumazhakkalam’ (2004) और ‘Achanurangatha Veedu’ (2005) ने उनकी छवि बदल दी। इन फिल्मों में उनके इमोशनल और रियलिस्टिक एक्टिंग ने दर्शकों को चौंका दिया। उन्होंने साबित किया कि वे सिर्फ हंसाने वाले कलाकार नहीं, बल्कि गहरी भावनाओं को जीने वाले एक्टर भी हैं। ‘Malik’ जैसी फिल्मों में भी उनकी गंभीर भूमिकाएं बेहद सराही गईं।

सलीम कुमार का नेशनल अवॉर्ड और बड़ी उपलब्धियां

2011 में आई फिल्म ‘Adaminte Makan Abu’ ने सलीम कुमार के करियर को नई ऊंचाई दी। इस फिल्म में उनके एक्टिंग ने उन्हें नेशनल फिल्म अवॉर्ड (बेस्ट एक्टर) दिलाया। इसके अलावा उन्हें चार बार केरल राज्य फिल्म पुरस्कार से भी सम्मानित किया गया। यह उपलब्धियां उन्हें इंडियन सिनेमा के सबसे सम्मानित कलाकारों में शामिल करती हैं।

सलीम कुमार का फिल्मों से राजनीति तक का जुड़ाव

सलीम कुमार केवल फिल्मी दुनिया तक सीमित नहीं थे। वे कांग्रेस पार्टी के समर्थक भी थे और कई बार UDF के लिए प्रचार कर चुके थे। उन्होंने राजनीति में भी सक्रिय भूमिका निभाई और अपने विचार खुलकर रखे।

निधन और फिल्म इंडस्ट्री में शोक की लहर

कोच्चि के एक निजी अस्पताल में तबीयत बिगड़ने के बाद सलीम कुमार को वेंटिलेटर सपोर्ट पर रखा गया, लेकिन वे जिंदगी की जंग हार गए। उनके निधन की खबर से मलयालम फिल्म इंडस्ट्री में शोक की लहर दौड़ गई है। फैंस और साथी कलाकार उन्हें भावभीनी श्रद्धांजलि दे रहे हैं।