श्री कृष्ण जन्माष्टमी पर अगर आप कान्हा जी को उनकी जन्मभूमि मथुरा की स्पेशलिटी यानी कि मथुरा के पेड़ों का भोग लगाएंगे तो वे अति प्रसन्न हो जाएंगे। 

फूड डेस्क : जन्माष्टमी (Shri Krishna Janmashtami 2022 ) का त्योहार इस साल 18 और 19 अगस्त को पूरे दुनिया में मनाया जाएगा। इस दिन भगवान श्री कृष्ण का जन्म होता है। उनके जन्मोत्सव को बड़े हर्षोल्लास के साथ मनाया जाता है। इस दौरान उन्हें तरह-तरह के भोग लगाए जाते हैं। जब भगवान श्री कृष्ण के जन्म की बात हो, तो उनके जन्म स्थान मथुरा को कैसे भूल सकते हैं। मथुरा के पेड़े दुनिया भर में मशहूर हैं और अब तो हर जगह मिलने भी लगे हैं। लेकिन अगर आप श्री कृष्ण जन्माष्टमी पर उन्हें मथुरा के पेड़ों का भोग लगाना चाहते हैं, तो क्यों ना इस बार घर पर ही चंद चीजों से स्वादिष्ट मथुरा के पेड़े बना लिए जाए। तो चलिए हम आपको बताते हैं मथुरा के पेड़े बनाने की रेसिपी, इसे बनाने के लिए आपको चाहिए-
खोया 
घी
शक्कर का बूरा
दूध 
इलायची पाउडर 
सूखे गुलाब की पत्तियां

Add Asianetnews Hindi as a Preferred SourcegooglePreferred

विधि
- मथुरा के पेड़े बनाने के लिए सबसे पहले मावा/खोया को एक भारी तले की कढ़ाई में भून लें ताकि मावा समान रूप से पक जाए। पतले तले वाले पैन में खोया आसानी से जल सकता है, जिससे पेड़ों का स्वाद खराब हो सकता है। ऐसे में मोटे तले के बर्तन का प्रयोग करें।

- जब मावा हल्का भूरा होने लगे और इसमें इसे सौंधी सी गंध आने लगे तो आंच को कम कर दें और पैन को तुरंत आंच से हटा दें। इसे कुछ देर के लिए ठंडा होने दें।

- हल्का ठंडा होने के बाद इसे एक बार फिर कम आंच पर गैस पर रखें और इसमें घी डालकर मिला लें। आप देखेंगे कि इसमें शाइन आ गई है और ये कढ़ाई में चिपक भी नहीं रहा है।

- अब पेड़े के मिश्रण को एक बड़े बाउल में निकाल लें। इलायची पाउडर डालें और शक्कर का बूरा डालें। पेड़े के मिश्रण को तब तक गूंदें जब तक वह चिकना न हो जाए और अच्छी तरह से बंध जाए।

- अब अपनी हथेलियों के बीच में एक गोल्फ बॉल के आकार का पेड़ा मिक्स करें और एक गोल बॉल बना लें। पेड़े जैसा आकार देने के लिए थोड़ा चपटा करें। अब इसे बचे हुए बूरे में लपटे और इसके ऊपर सूखे गुलाब की पत्तियों को लगा दें। तैयार है मथुरा के पेड़े।

मथुरा के पेड़े की खासियत
मथुरा के पेड़े भारत के उत्तरी राज्य उत्तर प्रदेश के मथुरा शहर जिसे भगवान कृष्ण का जन्मस्थान कहा जाता है वहां की एक क्लासिक मिठाई है। इस पेड़े को मथुरा के धारवाड़ पेड़ के नाम से भी जाना जाता है। मथुरा के पेड़े दुनिया भर में मशहूर है। इसे खोया, घी, शक्कर और दूध से बनाया जाता है और मथुरा के पेड़ों को खासतौर पर गुलाब की पंखुड़ियों से गार्निश किया जाता है, जो इसमें अलग ही स्वाद जोड़ता है। 

और पढ़ें: Janmashtami 2022: कौन-कौन था श्रीकृष्ण के परिवार में? जानें उनकी 16 हजार पत्नी, पुत्री और पुत्रों के बारें में

Janmashtami:कृष्ण के इस 7 'मंत्र' को कपल करेंगे फॉलो, तो बिगड़े रिश्ते में भर जाएगा प्यार