हिंदू धर्म में हर काम शुभ मुहूर्त देखकर ही किया जाता है और मुहूर्त की जानकारी पंचांग से मिलती है। हिंदू पंचांग को वैदिक पंचांग के नाम से जाना जाता है। पंचांग के माध्यम से समय एवं काल की सटीक गणना की जाती है। पंचांग मुख्य रूप से पांच अंगों से मिलकर बना होता है।

उज्जैन. पंचांग मुख्य रूप से पांच अंगों से मिलकर बना होता है। ये पांच अंग तिथि, नक्षत्र, वार, योग और करण है। यहां हम दैनिक पंचांग में आपको शुभ मुहूर्त, राहुकाल, सूर्योदय और सूर्यास्त का समय, तिथि, करण, नक्षत्र, सूर्य और चंद्र ग्रह की स्थिति, हिंदू मास एवं पक्ष आदि की जानकारी देते हैं। आगे जानिए 13 जनवरी 2022, गुरुवार (Panchang January 13, 2022) के शुभ मुहूर्त और राहुकाल का समय आदि संपूर्ण जानकारी…

आज की तिथि और पर्व
13 जनवरी, गुरुवार को विक्रम संवत 2078, जिसका नाम आनन्द है, के पौष मास के शुक्ल पक्ष की एकादशी तिथि है जो शाम 07.33 तक रहेगी। इसके बाद द्वादशी तिथि प्रारंभ होगी, जो 14 जनवरी, शुक्रवार रात 10.19 तक रहेगी। 13 जनवरी को पुत्रदा एकादशी का व्रत किया जाएगा।

Add Asianetnews Hindi as a Preferred SourcegooglePreferred

शुभ योग और मुहूर्त
13 जनवरी, गुरुवार को सूर्योदय कृत्तिका नक्षत्र में होगा, जो शाम 6.31 तक रहेगा। इसके बाद रोहिणी नक्षत्र रात 14 जनवरी, शुक्रवार की रात 9 बजे तक रहेगा। गुरुवार को पहले कृत्तिका नक्षत्र होने से लुंबक और उसके बाद रोहिणी नक्षत्र होने से उत्पात नाम के 2 अशुभ योग इस दिन बन रहे हैं। इस दिन ब्रह्म मुहूर्त सुबह 05:38 से 06:26 तक रहेगा। अभिजीत मुहूर्त दोपहर 12.14 से 12.56 तक रहेगा। अमृत काल दोपहर 02.24 से 04.13 तक रहेगा। अभिजीत मुहूर्त और अमृत काल में शुभ कार्य किए जा सकते हैं।

ये है राहु काल का समय 
13 जनवरी, गुरुवार को राहूकाल दोपहर 01:55 से 03:16 तक रहेगा। इसके अलावा यम गण्ड सुबह 07.14 से दोपहर 08:34 तक, कुलिक सुबह 09:54 से 11:15 तक, दुर्मुहूर्त सुबह 10:48 से 11:31 तक रहेगा। ये सभी अशुभ काल यानी समय है। इस दौरान कोई भी शुभ काम न करें। 

ग्रहों की स्थिति
13 जनवरी, गुरुवार को चंद्रमा वृषभ राशि में प्रवेश करेगा। शुक्र ग्रह (वक्री) धनु राशि, में, सूर्य धनु राशि में रहेगा। बुध मकर राशि में और शनि मकर राशि में, गुरु कुंभ राशि में, राहु वृषभ और केतु व मंगल वृश्चिक राशि में रहेंगे। 

इस दिशा में न करें यात्रा
गुरुवार को दक्षिण दिशा की यात्रा वर्जित मानी गई है। अगर जाना जरूरी हो तो दही या जीरा खाकर घर से बाहर निकलें।