हिंदू धर्म में हर काम शुभ मुहूर्त देखकर ही किया जाता है और मुहूर्त की जानकारी पंचांग से मिलती है। हिंदू पंचांग को वैदिक पंचांग के नाम से जाना जाता है। पंचांग के माध्यम से समय एवं काल की सटीक गणना की जाती है।

उज्जैन. पंचांग मुख्य रूप से पांच अंगों से मिलकर बना होता है। ये पांच अंग तिथि, नक्षत्र, वार, योग और करण है। यहां हम दैनिक पंचांग में आपको शुभ मुहूर्त, राहुकाल, सूर्योदय और सूर्यास्त का समय, तिथि, करण, नक्षत्र, सूर्य और चंद्र ग्रह की स्थिति, हिंदू मास एवं पक्ष आदि की जानकारी देते हैं। आगे जानिए 18 फरवरी 2022, शुक्रवार (Panchang February 18, 2022) के शुभ मुहूर्त और राहुकाल का समय आदि संपूर्ण जानकारी…

आज की तिथि और पर्व
18 फरवरी, शुक्रवार को विक्रम संवत 2078, जिसका नाम आनन्द है, के फाल्गुन मास के कृष्ण पक्ष की द्वितिया तिथि है। 

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शुभ योग और मुहूर्त
18 फरवरी, शुक्रवार को सूर्योदय पूर्वा फाल्गनी नक्षत्र में होगा, जो शाम लगभग 5.15 तक रहेगा। इसके बाद उत्तरा फाल्गुनी नक्षत्र रात अंत तक रहेगा। शुक्रवार को पहले पूर्वा फाल्गुनी नक्षत्र होने से सिद्धि और उसके बाद उत्तरा फाल्गुनी नक्षत्र होने से शुभ नाम के 2 योग इस दिन बन रहे हैं। शुक्रवार को ब्रह्म मुहूर्त सुबह 05:24 से 06:12 तक रहेगा। अभिजीत मुहूर्त दोपहर 12.17 से 01.03 तक रहेगा। अमृत काल सुबह 10.09 से 11.48 तक रहेगा। अभिजीत मुहूर्त और अमृत काल में शुभ कार्य किए जा सकते हैं।

ये है राहु काल का समय
18 फरवरी, शुक्रवार को राहूकाल सुबह 11:15 से दोपहर 12:40 तक रहेगा। इसके अलावा यम गण्ड दोपहर 03.30 से 04:55 तक, कुलिक सुबह 08:25 से 09:50 तक, दुर्मुहूर्त सुबह 09:16 से 10:01 तक रहेगा। ये सभी अशुभ काल है यानी इस दौरान कोई भी शुभ काम न करें। 

ग्रहों की स्थिति
18 फरवरी, शुक्रवार की रात लगभग 11 बजे चंद्रमा राशि बदलकर सिंह से कन्या में प्रवेश करेगा। सूर्य और गुरु कुंभ राशि में, शनि और बुध मकर राशि में, शुक्र धनु राशि में, राहु वृषभ और केतु वृश्चिक में व मंगल धनु राशि में रहेंगे। 

इस दिशा में न करें यात्रा
शुक्रवार को पश्चिम दिशा में यात्रा नहीं करनी चाहिए। अगर यात्रा करना जरूरी हो तो जौ या राईं खाकर घर से बाहर निकलें।