कहते हैं कि आवश्यकता आविष्कार की जननी होती है। बगैर सुविधाओं के कुछ कर गुजरने वालों को ही लोग सलाम करते हैं। नंदुरबार के डॉक्टरों ने भी कोरोना से बचने मास्क बनान का एक अनूठा तरीका निकला। 

नंदुरबार, महाराष्ट्र. कहते हैं कि आवश्यकता आविष्कार की जननी है। बगैर सुविधाओं के कुछ कर गुजरने वालों को ही लोग सलाम करते हैं। नंदुरबार के डॉक्टरों और स्वास्थ्य कर्मचारियों ने कोरोना से बचने मास्क बनाने का एक अनूठा तरीका निकाला है। यह सबको पता है कि मास्क आसानी से उपलब्ध नहीं हो रहे। वहीं, कुछ लोगों के पास इतना भी पैसा नहीं कि वे मास्क खरीद सकें। ऐसे लोगों के लिए यहां के डॉक्टर अनूठे तरीके से मास्क बना रहे हैं।

Add Asianetnews Hindi as a Preferred SourcegooglePreferred


ऐसे कर रहे कोरोना संक्रमण से बचाव..
नंदुरबार में अभी कोरोना का कोई मरीज सामने नहीं आया है। फिर भी डॉक्टर सावधानी बरत रहे हैं। यहां कर्फ्यू और लॉक डाउन जारी है। यहां डॉक्टर रेन कोट पहनकर मरीजों का इलाज कर रहे हैं। वहीं, मरीजों के लिए कपड़े की चद्दर काटकर मास्क बना रहे हैं। बता दें कि नंदुरबार जिला महाराष्ट्र और गुजरात सीमावर्ती इलाके में है। 

यहां के प्रांत अधिकारी वसुमना पंत ने बताया कि यहां के डॉक्टर और दूसरे स्वास्थ्यकर्मी कोरोना के संक्रमण से बचने रेन कोट पहनने लगे हैं। वहीं, डॉक्टरों ने मरीजों के लिए खुद ही मास्क बनाए हैं। पंत ने बताया कि जब तक यहां के लिए थर्मल मशीन, दस्ताने और सैनिटाइजर नहीं आता, यह उपाय भी कोई बुरा नहीं है।