Karnatka News: तमिलनाडु बीजेपी प्रमुख अन्नामलाई ने मंत्री एमके स्टालिन पर तीन भाषा नीति को लेकर निशाना साधते हुए कहा कि वे पूर्व नियोजित ड्रामा कर रहे हैं।

Karnatka News: तमिलनाडु में बीजेपी के प्रमुख के अन्नामलाई ने गुरुवार को तमिलनाडु सरकार में मंत्री एमके स्टेलिन पर जमकर निशाना साधा है। अन्नामलाई ने तीन भाषा नीति (थ्री लैंग्वेज पॉलिसी) को लेकर कहा कि एमके स्टालिन पूर्व नियोजित ड्रामा कर रहे हैं।अन्नामलाई ने मुख्यमंत्री एमके स्टालिन के परिवार के स्कूलों को लेकर उन पर निशाना साधा।

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अन्नामलाई ने सोशल मीडिया पर शेयर किया ये पोस्ट

अन्नामलाई ने सोशल मीडिया प्लेटफार्म एक्स पर किए एक पोस्ट में कहा, “एमके स्टालिन आप एक बहरुपिये हो जो हमारे संविधान और संघीय ढांचे के रक्षक का रूप लेकर आया है। आमतौर पर ठग अमीर लोगों को ठगते हैं लेकिन डीएमके कोई फर्क नहीं करती। वो गरीबों को भी ठगती है और अमीरों को भी।” अन्नामलाई ने कहा कि पूरा देश जानता है कि मुख्यमंत्री स्टालिन के परिवार के निजी स्कूल हैं और वहां तीन भाषाएं या उससे भी ज्यादा पढ़ाई जाती हैं लेकिन राज्य सरकार के स्कूलों के लिए वो इस नीति का विरोध करते हैं।

"देश में भाषा या क्षेत्र के आधार पर बंटवारा नहीं"

उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री को लगता है कि उनके कार्यकर्ता कुछ जगहों पर जो हंगामा कर रहे हैं वो पूरे तमिलनाडु की आवाज है। हाल ही में यूपी के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा था कि तमिलनाडु के मुख्यमंत्री एमके स्टालिन भाषा और क्षेत्रीयता के आधार पर मतभेद पैदा करने की कोशिशें कर रहे हैं क्योंकि उन्हें लगता है कि उनका वोट बैंक खतरे में है। आदित्यनाथ ने सवाल उठाया था कि हिंदी से नफरत क्यों की जा रही है। योगी ने कहा था- देश में भाषा या क्षेत्र के आधार पर बंटवारा नहीं होना चाहिए।

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योगी के बयान पर स्टालिन ने किया था पलटवार

योगी ने कहा- तमिल भारत की सबसे प्राचीन भाषाओं में से एक है और इसका इतिहास इतना ही पुराना है जितना संस्कृत का। सभी भारतीय तमिल भाषा का सम्मान करते हैं क्योंकि अब भी भारतीय संस्कृति के कई तत्व इस भाषा में जीवित हैं। तो फिर हम हिंदी से नफरत क्यों करते हैं? योगी के बयान पर टिप्पणी करते हुए स्टालिन ने कहा था कि यूपी के मुख्यमंत्री का बयान राजनीतिक कॉमेडी है।

उन्होंने कहा, दो भाषा नीति और परिसीमन के मुद्दे पर तमिलनाडु की मजबूत आवाज पूरे देश में सुनी जा रही है। बीजेपी इससे डरी हुई है। स्टालिन ने कहा, “और अब योगी आदित्यनाथ हमें नफरत पर भाषण देना चाहते हैं। अब छोड़ भी दीजिए। ये बिडंबना नहीं है बल्की राजनीतिक ब्लैक कॉमेडी है।”