वायु प्रदूषण स्तर फिर लोगों का दम घोंटनें में जुटा हुआ है। गुरुवार को राष्ट्रीय राजधानी के कुछ इलाकों में AQI 400 के पार पहुंच गया, जो खतरनाक स्तर की श्रेणी में आता है। बीते कुछ दिनों में दिल्ली में प्रदूषण का स्तर कम हो गया था, लेकिन अब एक बार फिर दिल्लीवालों का सामना जहरीली हवा से हो रहा है। 

नई दिल्ली. राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली और एनसीआर को प्रदूषण से राहत मिलने की उम्मीद नहीं है। जिसका नतीजा एक बार फिर देखने को मिला है। जिसमें वायु प्रदूषण स्तर फिर लोगों का दम घोंटनें में जुटा हुआ है। गुरुवार को राष्ट्रीय राजधानी के कुछ इलाकों में AQI 400 के पार पहुंच गया, जो खतरनाक स्तर की श्रेणी में आता है। दिल्ली के आनंद विहार इलाके में AQI 409, बवाना में 406, विवेक विहार में 391 और रोहिणी में 413 रिकॉर्ड किया गया है। 

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कम हुआ था प्रदूषण

बता दें कि बीते कुछ दिनों में दिल्ली में प्रदूषण का स्तर कम हो गया था, लेकिन अब एक बार फिर दिल्लीवालों का सामना जहरीली हवा से हो रहा है। दिल्ली में प्रदूषण पर फिर से खतरनाक स्तर पर पहुंच गया है. वहीं वायु प्रदूषण पर संसद की स्थायी समिति ने बुधवार को एनडीएमसी, पर्यावरण मंत्रालय और शहरी विकास मंत्रालय के शीर्ष अधिकारियों को तलब किया था.

स्वास्थय पर पड़ रहा असर 

दिल्ली-एनसीआर में लगातार प्रदूषण बढ़ने-घटने के क्रम में चिकित्सकों ने बुधवार को कहा कि देश की राजधानी में त्वचा संबंधी समस्याओं में 30 प्रतिशत तक इजाफा हुआ है। दिल्ली-एनसीआर का जहरीला प्रदूषण न सिर्फ यहां रहने वालों के स्वास्थ्य पर गहरा प्रभाव डाल रहा है, बल्कि उनकी त्वचा पर भी काफी असर डाल रहा है। जिससे लोगों को एलर्जी, खुजली जैसी समस्याओं का सामना करना पड़ रहा है।

संसद में हुई थी चर्चा

संसद के शीतकालीन सत्र में वायु प्रदूषण के बढ़ते स्तर को लेकर चर्चा की गई थी। लेकिन वायु प्रदूषण से निजात दिलाने को लेकर कोई नतीजा सामने नहीं आ सका। बताया जा रहा कि गुरुवार यानी 21 नवंबर को प्रदूषण मंत्री प्रकाश जावेडकर संसद में प्रदूषण के मामले पर जवाब दे सकते है। वहीं, बढ़ते प्रदूषण के स्तर को लेकर सुप्रीम कोर्ट भी चिंता जता चुका है। इसके साथ ही प्रदूषण पर लगाम कसने के लिए सरकारों को फटकार भी लगा चुका है। 

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