विदेशों में फंसे भारतीयों को वापस लेने के लिए सरकार ने कमर कस ली है। लॉकडाउन के चलते विदेशों में फंसे भारतीय नागरिकों को वापस लाने के लिए हवा और जल दोनों रास्तों का इस्तेमाल किया जा रहा है। इसी क्रम में भारतीय नौसेना ने विदेशों में फंसे भारतीयों को निकालने के लिए ऑपरेशन 'समुद्र सेतु' शुरू किया। नेवी के जहाज नागरिकों को वापस लाने के लिए मालदीव रवाना भी हो गए हैं।

नई दिल्ली. विदेशों में फंसे भारतीयों को वापस लेने के लिए सरकार ने कमर कस ली है। लॉकडाउन के चलते विदेशों में फंसे भारतीय नागरिकों को वापस लाने के लिए हवा और जल दोनों रास्तों का इस्तेमाल किया जा रहा है। इसी क्रम में भारतीय नौसेना ने विदेशों में फंसे भारतीयों को निकालने के लिए ऑपरेशन 'समुद्र सेतु' शुरू किया। नेवी के जहाज नागरिकों को वापस लाने के लिए मालदीव रवाना भी हो गए हैं। 

Add Asianetnews Hindi as a Preferred SourcegooglePreferred

समाचार एजेंसी एएनआई के मुताबिक, नेवी ने विदेशों में फंसे भारतीयों को निकालने के लिए ऑपरेशन 'समुद्र सेतु' शुरू किया। इसके तहत नेवी के जहाज जलाश्व और मगर माले (मालदीव) के लिए रवाना। ऑपरेशन के पहले चरण में 8 मई को माले में फंसे भारतीयों को वापस लाया जाएगा। 

Scroll to load tweet…


नागरिकों को कोच्चि में रखा जाएगा 
विदेशों से लाए गए लोगों को केरल के कोच्चि लाया जाएगा और राज्य सरकार की देखभाल में रखा जाएगा। इस ऑपरेशन में रक्षा मंत्रालय, विदेश मंत्रालय, गृह मंत्रालय, स्वास्थ्य मंत्रालय, कई राज्यों की एजेंसियां और राज्य सरकारें आदि आपस में एक-दूसरे की मदद कर रहे हैं। 

एक हफ्ते में 14800 लोगों को हवाई मार्ग से लाया जाएगा
उधर, एविएशन मिनिस्ट्री ने भी विदेशों में फंसे यात्रियों को वापस लाने के लिए प्लान बना लिया है। इसके तहत विदेशों में फंसे करीब 14,800 लोगों को वापस लाने के लिए अगले एक हफ्ते में 64 उड़ानें संचालित की जाएंगी। इन फ्लाइट्स से अमेरिका, कुवैत, फिलीपींस, बांग्लादेश, ब्रिटेन, सऊदी अरब, मलेशिया और संयुक्‍त अरब अमीरात (यूएई) से भारतीयों को वापस लाया जाएगा। इन लोगों को लाते वक्त सोशल डिस्टेंसिंग के नियमों का पालन भी किया जाएगा। इसके तहत हर फ्लाइट में 200-300 लोगों को ही लाया जाएगा। हालांकि, सरकार नागरिकों को लाने समेत सभी खर्च उन्हीं से वसूलेगी।