प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अध्यक्षता में गुरुवार देर रात से लेकर शुक्रवार अहले सुबह तक भाजपा के CEC (Central Election Committee) की बैठक हुई। इस दौरान लोकसभा चुनाव 2024 के लिए उम्मीदवारों के नाम तय किए गए।

नई दिल्ली। पीएम नरेंद्र मोदी की अध्यक्षता में गुरुवार देर रात भाजपा के CEC (Central Election Committee) की बैठक शुरू हुई जो शुक्रवार अहले सुबह 4 बजे तक चली। इस दौरान लोकसभा चुनाव 2024 के लिए प्रत्याशियों के नाम तय किए गए। सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार भाजपा जल्द ही पहली लिस्ट जारी कर सकती है। इसमें 100 से अधिक उम्मीदवारों के नाम हो सकते हैं। इनमें प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और गृह मंत्री अमित शाह के नाम होंगे।

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सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार भाजपा कई मौजूदा सांसदों का टिकट काट सकती है। सांसदों के काम के बारे में पार्टी ने फीडबैक जुटाया है। उनके निर्वाचन क्षेत्रों में जमीनी स्तर के कार्यकर्ताओं और मतदाताओं के साथ चर्चा की गई है। उम्मीद है कि आने वाले कुछ दिनों में चुनाव आयोग लोकसभा चुनाव 2024 के तारीखों का ऐलान कर सकता है। चुनाव 2019 की तरह अप्रैल-मई में हो सकते हैं। भाजपा की कोशिश है कि चुनाव की तारीखों के ऐलान से पहले 100 से अधिक उम्मीदवारों की पहली लिस्ट जारी कर दी जाए। इस लिस्ट में उन सीटों के लिए उम्मीदवारों के नाम अधिक होंगे जहां भाजपा और कांग्रेस के बीच आमने-सामने का मुकाबला है। सीट शेयरिंग को लेकर भाजपा और NDA के दलों के बीच बात चल रही है। पहली लिस्ट में ऐसे सीटों के लिए उम्मीदवार के नाम नहीं होंगे जहां से NDA में शामिल पार्टी अपने प्रत्याशी उतारना चाहते हैं।

हिंदी हार्टलैंड और दक्षिण पर भाजपा का फोकस
भाजपा ने आम चुनाव में 370 सीटें जीतने का लक्ष्य रखा है। चुनाव 543 सीटों पर होते हैं। 2019 में भाजपा को 303 सीटों पर जीत मिली थी। 2019 से भी बड़ी जीत पाने के लिए भाजपा को हिंदी हार्टलैंड में अपने शानदार प्रदर्शन को दोहराने के साथ दक्षिण में बड़ी जीत पानी होगी। यही वजह है कि इस बार दक्षिण पर भाजपा का फोकस अधिक है। गुरुवार-शुक्रवार की दरम्यानी रात हुई भाजपा CEC की बैठक में हिंदी भाषी राज्यों यूपी, उत्तराखंड, मध्य प्रदेश, छत्तीसगढ़ और राजस्थान के साथ-साथ गुजरात के उम्मीदवारों पर अधिक चर्चा हुई। इसके साथ ही केरल और तेलंगाना के प्रत्याशियों पर भी बात हुई।

आंध्र प्रदेश, पंजाब और तमिलनाडु समेत कई और राज्यों में भाजपा के उम्मीदवारों पर फैसला सहयोगी दलों के साथ शीट शेयरिंग को लेकर बात चलने तक रोका गया है। भाजपा को उम्मीद है कि अकाली दल और अन्नाद्रमुक के साथ चुनाव से पहले गठबंधन हो सकता है। वहीं, उसे सत्तारूढ़ वाईएसआर कांग्रेस पार्टी और तेलुगु देशम पार्टी-जन सेना गठबंधन के बीच चुनाव करना है।

पहली लिस्ट में हो सकते हैं इन नेताओं के नाम
भाजपा की पहली लिस्ट में उत्तर प्रदेश के वाराणसी सीट से प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का नाम हो सकता है। इस लिस्ट में गुजरात के गांधीनगर सीट से गृह मंत्री अमित शाह का नाम हो सकता है। इसके साथ ही रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह और विमानन मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया के नाम भी पहली लिस्ट में हो सकते हैं। असम के डिब्रूगढ़ से असम के पूर्व मुख्यमंत्री सर्बानंद सोनोवाल का नाम पहली लिस्ट में हो सकता है। भाजपा की पहली लिस्ट में कुछ चौंकाने वाले नाम भी हो सकते हैं। मध्य प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान को लोकसभा का चुनाव लड़ाया जा सकता है।

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उत्तर प्रदेश में सहयोगियों के लिए 6 सीट छोड़ सकती है भाजपा
बैठक में चर्चा हुई कि भाजपा उत्तर प्रदेश में सहयोगियों के लिए छह सीट छोड़ सकती है। अपना दल और जयंत चौधरी के राष्ट्रीय लोक दल यूपी में भाजपा के सहयोगी हैं। यूपी में लोकसभा की 80 सीटें हैं। यहां कांग्रेस और समाजवादी पार्टी के बीच गठबंधन हुआ है। बसपा अकेले चुनाव लड़ने जा रही है।

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