Asianet News HindiAsianet News Hindi

कोरोना वायरस को स्टेज-III में पहुंचने से रोकने के लिए भारत के पास सिर्फ 30 दिन का वक्त: ICMR

भारत में कोरोना वायरस का असर बढ़ता जा रहा है। कोरोना वायरस से संक्रमिक होने वाले मरीजों की संख्या 83 पहुंच गई है।देश में कोरोना वायरस अभी दूसरी स्टेज में है। अगर इसे फैलने से नहीं रोका गया तो यह 30 दिनों में संक्रमण के तीसरे स्टेज में पहुंच जाएगा।

Only 30 days are left to stop Corona in India, if time does not stop then destruction will happen kps
Author
New Delhi, First Published Mar 14, 2020, 3:11 PM IST
  • Facebook
  • Twitter
  • Whatsapp

नई दिल्ली. भारत में कोरोना वायरस का असर बढ़ता जा रहा है। कोरोना वायरस से संक्रमिक होने वाले मरीजों की संख्या 83 पहुंच गई है। इसमें अब तक दो लोगों की मौत भी हो चुकी है। जानकारों की माने तो देश में कोरोना वायरस अभी दूसरी स्टेज में है। अगर इसे फैलने से नहीं रोका गया तो यह 30 दिनों में संक्रमण के तीसरे स्टेज में पहुंच जाएगा। आशंका जताई जा रही है कि यदि कोरोना तीसरे स्टेज में पहुंचा तो स्थिति और भयावह हो सकती है। 

इंडियन काउंसिल ऑफ मेडिकल रिसर्च (ICMR) के डायरेक्टर जनरल बलराम भार्गव ने कहा, ‘‘अगले स्टेज में वायरस को रोकने के लिए 30 दिन हैं। यदि पर्याप्त उपाय किए तो स्टेज-III में पहुंचने से रोका जा सकता है। सरकार इस दिशा में आगे बढ़ रही है। वायरस से निपटने के लिए देश में जहां भी संक्रमण फैला, वहां इसके लिए तैयारियां स्थानीय परिस्थितियों के मुताबिक की गईं।’’ 

भार्गव ने एक अंग्रेजी अखबार को बताया कि थर्ड स्टेज में वायरस लोगों में फैलना शुरू होता है,जबकि फोर्थ स्टेज में पहुंचने पर यह महामारी का रूप लेता है। फिलहाल यह कह पाना मुश्किल है कि यह कब खत्म होगी। चीन और इटली में कोरोना वायरस संक्रमण में स्टेज 6 में पहुंच गया हैं।

हर स्टेज में इस तरह बढ़ता है कोरोना का असरः  

-पहली स्टेज में वायरस संक्रमित जगहों से ट्रांसमिट होता है।
-दूसरी स्टेज में स्थानीय लोगों में यह फैलना शुरू होता है और नए केस सामने आते हैं।
-तीसरी स्टेज में यह बड़े पैमाने पर समुदायों के बीच फैलना शुरू होता है।
-चौथी स्टेज में बीमारी महामारी का रूप लेती है, कब-कहां खत्म होगी पता नहीं होता।

आगे की चुनौतियों के लिए कितनी तैयारी

ICMR) के डायरेक्टर जनरल बलराम भार्गव कहते हैं कि अभी 106 वायरस रिसर्च और डायग्नोस्टिक लैब्स हैं। उनके मुताबिक, इन लैब्स की क्षमता मौजूदा जरूरतों से ज्यादा है। इसके लिए समर्पित 51 लैब्स में हर दिन 4,590 जांच हो सकती है। अभी हमें सिर्फ 60 से 70 सैंपल्स ही मिल रहे हैं। भविष्य में अगर इनकी क्षमताओं का पूरा उपयोग हुआ और आगे और भी जरूरत पड़ी तो उसकी व्यवस्था की जाएगी।

अब तक 1.4% सैंपल्स ही पॉजिटिव

देश में अब तक 6,500 सैंपल्स की जांच की है जिनमें सिर्फ 78 (1.4%) में ही संक्रमण की पुष्टि हुई है। आईसीएमआर के एक अधिकारी ने बताया, 'हमने चीन, ईरान और इटली से लाए गए करीब 1,000 लोगों की भी जांच की है।' उन्होंने कहा कि देश किसी भी परिस्थिति से निपटने के लिए पूरी तरह तैयार है।

30 जनवरी को भारत में सामने आया था पहला मामला...

भारत में 30 जनवरी को कोरोना का पहला मामला सामने आया। 30 जनवरी को 1 व्यक्ति कोरोना से संक्रमित मिला। इसके बाद 3 मार्च को 5, 5 मार्च को 29, 8 मार्च को 34, 10 मार्च को 44, 11 मार्च को 60 और 12 मार्च को 74 मामले सामने आए। यानी 43 दिन में कोरोना के केस 1 से 81 पर पहुंच गया।

दुनिया में कोरोना की क्या स्थिति है?

वर्ल्ड हेल्थ आर्गेनाईजेशन (WHO) ने कोरोना को महामारी घोषित किया है। अब तक 114 देश में 1 लाख 40 हजार लोग संक्रमित पाए गए हैं। 5 हजार लोग अपनी जान गंवा चुके हैं। चीन में शुक्रवार 8 लोगों की मौत हुई। यहां अब तक 31 से ज्यादा लोगों की मौत हो चुकी है। वहीं, इटली में 1,016, ईरान में 514, स्पैन में 120 लोगों की मौत हो चुकी है। WHO समेत तमाम देशों के डॉक्टर कोरोना से निपटने के लिए इलाज खोजने में लगे हैं। हालांकि, अभी तक किसी को कोई सफलता हाथ नहीं लगी है।

कोरोना वायरस से जुड़ी महत्वपूर्ण खबरें 

क्या है कोरोना वायरस और क्या है इसके लक्षण, जानिए बचने के लिए क्या-क्या उपाय करें 

रामदेव ने दिया कोरोना से बचने के देसी उपाय, कहा-ऐसा किया तो छू भी नहीं सकता वायरस 

कोरोना वायरस की पहली तस्वीर, भारत सहित दुनिया में ऐसे मचाई तबाही 

कोरोना वायरस को लेकर 10 बड़ी अफवाहें और उसका सच 

कोरोना वायरस के संक्रमण से लोगों को बचाने के लिए सरकार ने उठाए ये कदम 

Follow Us:
Download App:
  • android
  • ios