सात विपक्षी दलों ने फैसला लिया है कि राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद को पेगासस मुद्दे से अवगत कराएंगे। साथ ही कृषि कानूनों को निरस्त करने की मांग करेंगे। 

नई दिल्ली। किसान कृषि कानूनों (Agricultural laws) को रद्द करने का मामला अभी सुलझा नहीं कि पेगासस जासूसी कांड (pegasus espionage case) का मामला भी गरमाता जा रहा है। मानसून सत्र में दोनों मसलों को लेकर रोज-ब-रोज हंगामे के बीच अब सात विपक्षी दलों ने राष्ट्रपति (President of India) से हस्तक्षेप की गुहार लगाई है। कांग्रेस को छोड़ सात अन्य विपक्षी दलों ने राष्ट्रपति से मुलाकात का वक्त मांगा है। 

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राष्ट्रपति से कहेंगे मानसून सत्र में दोनों विषयों पर चर्चा कराएं

सात विपक्षी दलों ने फैसला लिया है कि राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद (President Ramnath Kovind) को पेगासस मुद्दे से अवगत कराएंगे। साथ ही कृषि कानूनों को निरस्त करने की मांग करेंगे। यह भी अनुरोध करेंगे कि वह सरकार को संसद सत्र के दौरान दोनों मुद्दों पर चर्चा करने का निर्देश दें। विपक्षी दलों ने कहा कि भारत के संविधान और संसदीय नियमों व प्रक्रियाओं की गरिमा बनाए रखने के लिए, राष्ट्रपति का हस्तक्षेप अब बेहद आवश्यक हो गया है।

इन विपक्षी दलों ने मांगा राष्ट्रपति से मिलने का समय

सात विपक्षी दलों शिरोमणि अकाली दल, राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी, बसपा, जेकेएनसी, माकपा, भाकपा, रालोद ने राष्ट्रपति से मिलने का समय मांगा है। 

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