विपक्ष के पेट्रोल कीमतों, कोविड की दूसरी लहर में सरकारी नाकामी, महंगाई, किसानी के मुद्दों पर प्रभावी विरोध का सामना करने के लिए और समन्वय बनाने के लिए मुख्तार अब्बास नकवी की नियुक्ति को महत्वपूर्ण माना जा रहा है।     

नई दिल्ली। राज्यसभा में बीजेपी ने संसदीय दल का सदन में उपनेता, केंद्रीय मंत्री मुख्तार अब्बास नकवी को मनोनीत किया है। पीयूष गोयल के नेता सदन हो जाने के बाद यह पद खाली हो गया था। 

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अल्पसंख्यक मामलों के मंत्री मुख्तार अब्बास नकवी के पास काफी लंबे समय का संसदीय अनुभव है। वह कई मंत्रालयों को संभालने के अलावा मोदी सरकार में संसदीय कार्य राज्यमंत्री भी रह चुके हैं। 

मानसून सत्र में विपक्ष के साथ समन्वय बनाने के लिए नकवी की नियुक्ति को सत्ता पक्ष की बड़ी रणनीतिक चाल के तौर पर देखी जा रही है। नकवी का पार्टी लाइन से इतर विभिन्न दलों से अच्छे ताल्लुकात हैं। 

ऐसे में जब विपक्ष पेट्रोल कीमतों, कोविड की दूसरी लहर में सरकारी नाकामी, महंगाई, किसानी के मुद्दों पर प्रभावी विरोध का सामना करने के लिए और समन्वय बनाने के लिए नकवी को महत्वपूर्ण माना जा रहा है।

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