पश्चिम बंगाल विधानसभा में तृणमूल और भाजपा के खिलाफ एक जुट हुए लेफ्ट, कांग्रेस और इंडियन सेक्युलर फ्रंट(ISF) में सीटों के बंटवारे पर सहमति बन गई है। माना जा रहा है कि 8 मार्च को 60 उम्मीदवारों की लिस्ट जारी की जा सकती है। यह लिस्ट पहले और दूसरे चरण के लिए होगी। बंगाल में 8 चरणों में इलेक्शन है।

कोलकाता, पश्चिम बंगाल. बंगाल में तृणमूल कांग्रेस और भाजपा के खिलाफ गठबंधन में आए तीन दल लेफ्ट, कांग्रेस और इंडियन सेक्युलर फ्रंट(IFS) के बीच सीटों के बंटवारे पर सहमति बन गई है। इस फॉर्मूले के तहत 8 अक्टूबर को पहली लिस्ट जारी की जाएगी। इसमें पहले और दूसरे चरण के लिए 60 उम्मीदवारों की घोषणा होगी। पहले चरण में 294 में से 30 सीटों पर 27 मार्च को इलेक्शन होंगे। जबकि दूसरे चरण में 30 सीटों पर एक अप्रैल को वोटिंग होगी।

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जानें ये बातें

  • बुधवार को तीनों पार्टियों के बीच गठबंधन का फार्मूला तय हो गया। सूत्रों के अनुसार लेफ्ट पार्टियां 165 सीटों पर चुनाव लड़ेगी। कांग्रेस को सिर्फ 92 सीटें मिली हैं, जबकि नई पार्टी IFS के खाते में 37 आई हैं।
  • इसकी पहली लिस्ट 8 मार्च को जारी हो सकती है। बताते हैं कि पहले IFS को 30 सीटें दी गई थीं, लेकिन वो राजी नहीं हुई। इसके लीडर फुरफुरा शरीफ़ दरगाह के पीरज़ादा अब्बास सिद्दीकी हैं।
  • बंगाल में पहले चरण में 294 में से 30 सीटों पर 27 मार्च को वोट डाले जाएंगे। दूसरे चरण में 30 सीटों पर एक अप्रैल को, तीसरे चरण में 31 सीटों पर 6 अप्रैल को, चौथे चरण में 44 सीटों पर 10 अप्रैल को, पांचवे चरण में 45 सीटों पर 17 अप्रैल को, छठे चरण में 43 सीटों पर 22 अप्रैल को, सातवें चरण में 36 सीटों पर 26 अप्रैल को और आठवें चरण में 35 सीटों पर 29 अप्रैल को वोटिंग होगी। नतीजे पांचों राज्यों के चुनाव के बाद एक साथ 2 मई को आएंगे।
  • पिछले चुनाव में ममता की टीएमसी ने 211 सीटें, कांग्रेस ने 44, लेफ्ट ने 26 और बीजेपी ने मात्र तीन सीटें जीती थीं। बहुमत के लिए 148 सीटें चाहिए।

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