Soibe Na Aar Bangla: पश्चिम बंगाल में चुनावों की आहट सुनाई देनी शुरू हो गई है। बंगाल की बाजी जीतने के लिए विरोधी दलों ने बिसात बिछानी शुरू कर दी है। चुनावी स्टंट के बीच अज्ञात नागरिक के नाम पर चुनाव अभियान शुरू किया गया है।  

Soibe Na Aar Bangla: पश्चिम बंगाल में चुनावों की आहट सुनाई देनी शुरू हो गई है। बंगाल की बाजी जीतने के लिए विरोधी दलों ने बिसात बिछानी शुरू कर दी है। चुनावी स्टंट के बीच अज्ञात नागरिक के नाम पर चुनाव अभियान शुरू किया गया है। यह कैंपेन राज्य सरकार की नीतियों और टीएमसी को वोट न देने की अपील के साथ किया गया है। गुंडा सरकार का लूटतंत्र – अब और नहीं सहेगा बंगाल जैसे नारों के ज़रिए यह अभियान चलाकर लोगों को जोड़ा जा रहा है।

Add Asianetnews Hindi as a Preferred SourcegooglePreferred

दावा किया गया है कि यह अभियान पूरी तरह से गैर-राजनैतिक है और लोगों का कैंपेन है। इसके लिए एक वेबसाइट भी तैयार है-www.soibenaaarbangla.com। इस वेबसाइट के जरिए टीएमसी सरकार के खिलाफ जमकर प्रहार किया गया है। अपील किया जा रहा है कि बंगाल को बचाने के लिए टीएमसी को वोट न करें। वेबसाइट के माध्मय से महिलाओं के खिलाफ बढ़ते अपराध, भ्रष्टाचार, कानून व्यवस्था, उद्योग-धंधों का न होना, जैसे मसलों के लिए टीएमसी सरकार को दोषी ठहराया गया है।

लेकिन अभियान कौन चला रहा, अभी तक स्पष्ट नहीं

हालांकि, अभियान के कर्ताधर्ताओं की पहचान स्पष्ट नहीं है। कुछ लोगों का मानना है कि यह जनता के गुस्से को दर्शाने वाला अभियान है। जिसमें संदेशखाली, आरजी कर मेडिकल कॉलेज, शिक्षक भर्ती घोटाला, किसानों के आत्महत्या, बाल विवाह, स्वास्थ्य जैसे संवेदनशील मुद्दों को शामिल किया गया है। जबकि कुछ लोगों का मानना है कि यह सरकार के खिलाफ विरोधी दलों का एक कैंपेन है जिसे आम जनता की ओर से उछालने का दावा किया जा रहा है।

बहरहाल, चुनाव पास आने के साथ इस अज्ञात पक्ष की ओर से चलाया जा रहा अभियान मतदाताओं को कितना लुभाता है यह तो आने वाला वक्त ही बताएगा। इस अभियान को सरकार के खिलाफ किस तरह विरोधी दल भुनाते हैं, यह चुनाव के शुरू होने और परिणाम आने के बाद ही सामने आ सकेगा।