आगरा में एक 35 वर्षीय ऑटो ड्राइवर को जिंदा जला दिया गया। वजह: उसने अपनी पूर्व लिव-इन पार्टनर की तस्वीरें डिलीट करने से इनकार कर दिया था। महिला और उसके पति पर हत्या का आरोप है और पुलिस मामले की जांच कर रही है।

आगरा के शाहगंज इलाके में एक 35 साल के ऑटो ड्राइवर को जिंदा जलाने का सनसनीखेज मामला सामने आया है। वजह सिर्फ इतनी थी कि उसने अपनी पूर्व लिव-इन पार्टनर की पुरानी तस्वीरें और वीडियो डिलीट करने से इनकार कर दिया था। पुलिस ने बताया कि घटना 27 फरवरी की है, जब चांद उर्फ सद्दाम नाम का यह ऑटो ड्राइवर सवारियां छोड़कर घर लौट रहा था। अधिकारियों के मुताबिक, आरोपियों ने उसे दौरैठा में रोका, बिलसगंज के पास ऑटो से बाहर खींचा और एक सुनसान जगह पर ले गए। वहां उस पर पेट्रोल डालकर आग लगा दी। उसकी चीखें सुनकर आसपास के लोग मदद के लिए दौड़े। उसे एसएन मेडिकल कॉलेज में भर्ती कराया गया, बाद में एक प्राइवेट अस्पताल में शिफ्ट किया गया, जहां बुधवार रात उसकी मौत हो गई।

परिवार के आरोप और हत्या की वजह

रिश्तेदारों का आरोप है कि शबनम नाम की महिला अपने पति की मौत के बाद करीब दो साल तक चांद के साथ रही थी। हाल ही में उसने अपने देवर अली अहमद से शादी कर ली थी। इसके बाद से ही वो चांद पर साथ की पुरानी तस्वीरें और वीडियो डिलीट करने का दबाव बना रही थी। गुरुवार को परिवार वालों ने चांद का शव पृथ्वीनाथ फाटक पर सड़क पर रखकर करीब एक घंटे तक ट्रैफिक जाम कर दिया। पुलिस के सख्त कार्रवाई के भरोसे के बाद ही उन्होंने प्रदर्शन खत्म किया।

पुलिस की कार्रवाई

पुलिस ने शबनम और उसके पति के खिलाफ BNS की धारा 124 (एसिड या इसी तरह के साधनों से गंभीर चोट पहुंचाना) के तहत मामला दर्ज किया है। पुलिस का कहना है कि पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट आने के बाद और भी धाराएं जोड़ी जाएंगी। एसीपी (लोहामंडी) गौरव सिंह ने पुष्टि की कि सीसीटीवी फुटेज समेत सभी सबूतों की जांच की जा रही है। उन्होंने कहा कि जांच के नतीजों के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।