Akhilesh Yadav Statement : सपा प्रमुख अखिलेश यादव ने यूपी विधानसभा चुनाव से पहले मुख्यमंत्री बनने को लेकर बड़ा संकेत दिया है। उन्होंने कहा कि पिछली बार लोकसभा से मुख्यमंत्री बना था, इस बार भी वहीं से आकर शपथ लूंगा। साथ ही दावा किया कि भाजपा यूपी में अपने 200 विधायकों के टिकट काटने जा रही है।

समाजवादी पार्टी (सपा) के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव ने मंगलवार को वाराणसी यानी काशी से उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव को लेकर बड़ा बयान दिया। उन्होंने मुख्यमंत्री बनने और चुनाव लड़ने के सवाल पर ऐसा जवाब दिया, जिसने यूपी की सियासत में नई चर्चा छेड़ दी है। अखिलेश ने कहा कि वे वही करेंगे, जो उनके लिए शुभ होगा। उन्होंने यह भी संकेत दिया कि मुख्यमंत्री बनने के लिए विधानसभा चुनाव लड़ना जरूरी नहीं है।

दैनिक भास्कर के सवाल पर अखिलेश यादव ने कहा, 'हम मुख्यमंत्री तब बनते हैं, जब चुनाव नहीं लड़ते। इसलिए वही काम करेंगे, जो हमारे लिए शुभ होगा।' उन्होंने आगे सवाल किया कि पिछली बार वे कहां से मुख्यमंत्री बने थे? फिर खुद ही जवाब देते हुए कहा, 'लोकसभा से... तो वहीं से आकर शपथ लूंगा।'

पहली बार सांसद रहते बने थे मुख्यमंत्री

  • अखिलेश यादव 15 मार्च 2012 को पहली बार उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री बने थे। उस समय वे कन्नौज लोकसभा सीट से सांसद थे। मुख्यमंत्री पद संभालने के बाद उन्होंने लोकसभा की सदस्यता से इस्तीफा दे दिया था। इसके बाद वे विधान परिषद के सदस्य बने थे।
  • अब उनके ताजा बयान के बाद एक बार फिर यह सवाल उठने लगा है कि क्या अखिलेश यादव आगामी विधानसभा चुनाव में खुद मैदान में नहीं उतरेंगे? हालांकि, उन्होंने अभी अपनी चुनावी सीट को लेकर कोई अंतिम घोषणा नहीं की है।

भाजपा के 200 विधायकों के टिकट कटने का दावा

  • अखिलेश यादव ने इस दौरान भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) पर भी निशाना साधा। उन्होंने दावा किया कि भाजपा अब अपने 200 विधायकों के टिकट काटने की तैयारी कर रही है।
  • सपा प्रमुख के मुताबिक, भाजपा पहले अपने 100 विधायकों के टिकट काटने वाली थी, लेकिन विधान परिषद चुनाव में मिली हार के बाद पार्टी ने यह संख्या बढ़ाकर 200 कर दी है।
  • अखिलेश ने यह भी दावा किया कि टिकट कटने की शुरुआत काशी के मंत्रियों से हो सकती है। उनके इस बयान के बाद यूपी की राजनीति में भाजपा के संभावित उम्मीदवारों और टिकट वितरण को लेकर चर्चाएं तेज हो सकती हैं।
  • हालांकि, भाजपा की ओर से विधायकों के टिकट काटने को लेकर ऐसी किसी योजना की आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है।