UP के अलीगढ़ में एक सरकारी स्कूल छात्रा ने कबाड़ से F-22 फाइटर जेट का उड़ने वाला मॉडल बनाया है। ₹6,000 की लागत से बना यह मॉडल 1.5 km तक उड़ सकता है। यह उपलब्धि सरकारी स्कूलों में प्रैक्टिकल शिक्षा की क्षमता को दर्शाती है।

अलीगढ़: भारत के गांवों से भी कमाल के टैलेंट सामने आ रहे हैं। इसका ताजा उदाहरण उत्तर प्रदेश के अलीगढ़ जिले के भिलावली गांव में देखने को मिला है। यहां एक सरकारी स्कूल की छात्रा ने कबाड़ के सामान से उड़ने वाला फाइटर जेट का मॉडल बनाकर सबको हैरान कर दिया है। उसका यह शानदार प्रोजेक्ट सोशल मीडिया पर वायरल हो गया है। लोग, अधिकारी और शिक्षा से जुड़े लोग, सभी इस बच्ची की क्रिएटिविटी और वैज्ञानिक सोच की जमकर तारीफ कर रहे हैं।

इस छात्रा ने F-22 रैप्टर फाइटर जेट से प्रेरणा लेकर थर्माकोल के कचरे और कुछ मामूली इलेक्ट्रॉनिक पार्ट्स की मदद से एक हल्का, रिमोट से चलने वाला मॉडल तैयार किया है। बताया जा रहा है कि इस पूरे प्रोजेक्ट को बनाने में करीब 6,000 रुपये का खर्च आया। इस कोशिश ने यह भी दिखाया है कि प्रैक्टिकल तरीके से सीखने पर बच्चे मुश्किल वैज्ञानिक बातें भी आसानी से समझ सकते हैं।

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अपने टीचर के मार्गदर्शन में इस नन्ही इनोवेटर ने जेट मॉडल को असल में उड़ाने से पहले कंप्यूटर पर सिमुलेशन के जरिए प्रैक्टिस भी की। इसके बाद उसने खुले मैदान में इसका सफल परीक्षण किया। कहा जा रहा है कि यह एयरक्राफ्ट करीब एक से डेढ़ किलोमीटर की दूरी तक उड़ सकता है। इससे पता चलता है कि छात्रा ने अपनी किताबी जानकारी को असल तकनीक में बदलने में कामयाबी हासिल की है।

यह पहल सरकारी स्कूलों में रोबोटिक्स और प्रैक्टिकल एक्सपेरिमेंट को बढ़ावा देने की एक बड़ी कोशिश का हिस्सा थी। स्कूल ने खिलौनों की मोटर, तार और प्लास्टिक जैसे बेकार सामानों को काम के प्रोजेक्ट में बदलकर छात्रों में प्रॉब्लम-सॉल्विंग स्किल्स, कल्पना और तकनीकी आत्मविश्वास बढ़ाने की कोशिश की है।

शिक्षा अधिकारियों और स्थानीय लोगों ने इस उपलब्धि की खूब सराहना की है। उनका कहना है कि यह इस बात का सबूत है कि अगर सही मार्गदर्शन और मौके मिलें तो कम संसाधनों वाले बच्चे भी कमाल कर सकते हैं। फाइटर जेट के इस वायरल वीडियो के बाद अब देशभर में ऐसे ही प्रैक्टिकल लर्निंग प्रोग्राम शुरू करने की मांग उठ रही है, ताकि भविष्य के इनोवेटर्स को प्रेरणा मिले और जमीनी स्तर पर STEM (साइंस, टेक्नोलॉजी, इंजीनियरिंग और मैथ्स) की पढ़ाई मजबूत हो।