CM योगी आदित्यनाथ के विजन से बुन्देलखण्ड में डेयरी वैल्यू चेन महिलाओं के आर्थिक सशक्तिकरण का मजबूत माध्यम बनी है। बालिनी प्रोड्यूसर कंपनी से जुड़कर 86 हजार से अधिक महिलाएं दुग्ध व्यवसाय के जरिए आत्मनिर्भर बन रही हैं।

लखनऊ। बुन्देलखण्ड की पहचान अब केवल संघर्ष और पलायन तक सीमित नहीं रही है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के दूरदर्शी विजन के चलते यह क्षेत्र अब आर्थिक सशक्तिकरण और आत्मनिर्भरता की नई मिसाल बन रहा है। खासकर डेयरी वैल्यू चेन ने महिलाओं के लिए भरोसेमंद आजीविका का माध्यम बनकर बुन्देलखण्ड की तस्वीर बदल दी है।

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दुग्ध व्यवसाय से 86 हजार से अधिक महिलाएं बनीं आत्मनिर्भर

चित्रकूट, झांसी, बांदा, हमीरपुर, जालौन, महोबा और ललितपुर में दुग्ध व्यवसाय के जरिए 86 हजार से अधिक ग्रामीण महिलाएं आज आत्मनिर्भरता की नई कहानी लिख रही हैं। डेयरी से जुड़कर महिलाएं न केवल अपनी आय बढ़ा रही हैं, बल्कि अपने परिवार और गांव की अर्थव्यवस्था को भी मजबूती दे रही हैं।

बालिनी महिला प्रोड्यूसर कंपनी: संगठित और पारदर्शी डेयरी मॉडल

बुन्देलखण्ड में दुग्ध व्यवसाय को संगठित, पारदर्शी और लाभकारी बनाने के उद्देश्य से महिला दुग्ध उत्पादकों की ‘बालिनी मिल्क प्रोड्यूसर कंपनी’ का गठन किया गया। यह कंपनी पूरी तरह महिलाओं द्वारा संचालित है और ग्रामीण अर्थव्यवस्था में बड़ा बदलाव ला रही है।

बिचौलियों से मुक्ति, सीधे बाजार और उचित मूल्य

बालिनी मॉडल से जुड़ने के बाद महिलाएं अब बिचौलियों पर निर्भर नहीं हैं। संगठन के माध्यम से तैयार दुग्ध उत्पादों को सीधे बाजार से जोड़ा गया है, जिससे महिलाओं को उचित मूल्य और समय पर भुगतान मिल रहा है। इससे डेयरी व्यवसाय महिलाओं के लिए अधिक सुरक्षित और लाभदायक बन गया है।

दूध संग्रह, गुणवत्ता परीक्षण और डिजिटल भुगतान से बढ़ा रोजगार

डेयरी वैल्यू चेन परियोजना के तहत बुन्देलखण्ड के सातों जनपदों के 952 गांवों में 3,600 स्वयं सहायता समूहों की 86,000 से अधिक महिलाओं को संगठित किया गया है। दूध संग्रह, गुणवत्ता परीक्षण, डिजिटल भुगतान और बाजार से सीधा जुड़ाव जैसी व्यवस्थाओं ने महिलाओं की आय बढ़ाई है और गांवों में नए रोजगार के अवसर पैदा किए हैं।

सामूहिक प्रयास से आर्थिक बदलाव की अगुवाई कर रहीं महिलाएं

योगी सरकार का स्पष्ट लक्ष्य है कि ग्रामीण विकास की धुरी महिलाओं की आर्थिक मजबूती बने। इसी सोच के साथ बुन्देलखण्ड में डेयरी परियोजनाओं का तेजी से विस्तार किया जा रहा है। आज बालिनी मिल्क प्रोड्यूसर कंपनी न केवल एक सफल डेयरी मॉडल बन चुकी है, बल्कि यह दिखा रही है कि सामूहिक प्रयास और सही मार्गदर्शन से ग्रामीण महिलाएं बड़े आर्थिक बदलाव ला सकती हैं।

सीएम योगी के नेतृत्व में योजनाओं का दिख रहा जमीनी असर

बुन्देलखण्ड में डेयरी वैल्यू चेन की यह सफलता इस बात का प्रमाण है कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में चल रही योजनाएं जमीन पर प्रभावी ढंग से लागू हो रही हैं। गांव की महिलाएं अब क्षेत्र की तरक्की और आत्मनिर्भर बुन्देलखण्ड की मजबूत कड़ी बन चुकी हैं।