Dimple Yadav latest News: समाजवादी पार्टी की सांसद डिंपल यादव का आज वह रूप देखने को मिला जो शायद किसी ने देखा होगा। अक्सर शांत रहने वाली डिंपल जंतर-मंतर पर भयानक गुस्से में नजर आईं।
नई दिल्ली : समाजवादी पार्टी की सांसद डिंपल यादव सोमवार को जंतर-मंतर पर प्रदर्शन कर रहे छात्रों पर हुई पुलिस कार्रवाई को लेकर सरकार पर जमकर बरसीं। उन्होंने इसे "लोकतंत्र के लिए काला दिन" बताया और केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान को हटाने की मांग की। डिंपल ने आरोप लगाया कि प्रदर्शन के दौरान छात्रों को पीटा गया, उनके कपड़े फाड़े गए और बहुत ज़्यादा बल का इस्तेमाल किया गया। उन्होंने कहा कि विपक्ष इस मुद्दे को संसद में उठाएगा और सरकार से जवाब मांगेगा।
पुलिसवालों ने छात्रों को गुंडों की तरह पीटा
डिंपल यादव ने कहा, "छात्रों को पीटा गया है। आज का दिन लोकतंत्र और हमारे इतिहास के लिए एक काले दिन के तौर पर याद रखा जाएगा। कुछ पुलिसकर्मियों की आंखों में भी आपको शर्म दिखाई दे रही थी। फिर भी, ड्यूटी के नाम पर उन्होंने अपने नेम बैज हटाए और आगे बढ़े। कुछ पुलिसवाले गुंडों की तरह पेश आए। कुछ सहयोगी थे, तो कुछ बिना वर्दी के आए और छात्रों को पीटा, यहां तक कि उन्हें बिजली के झटके भी दिए। नियम है कि बल का प्रयोग केवल पैरों पर किया जाना चाहिए, लेकिन उन्होंने छात्रों की छाती पर वार किया। आज उन्होंने सीधे भारत माता के दिल पर चोट की है। हम शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान को हटाने की मांग करते हैं।"
‘’इतनी घमंडी, क्रूर और बेरहम सरकार नहीं देखी''
डिंपल ने आगे कहा, "सरकार को जिम्मेदारी लेनी चाहिए और जवाबदेही दिखानी चाहिए। क्या यही आपका "नया भारत" है, जहां बेटियों के कपड़े फाड़े जाते हैं? हम कई ऐसे छात्रों से मिले जिनके कपड़े फटे हुए थे। यह वाकई दुर्भाग्यपूर्ण है। शायद भारत के इतिहास में कभी भी इतनी घमंडी, क्रूर और बेरहम सरकार नहीं रही, जो निहत्थे छात्रों पर लाठियां बरसा रही हो।"
क्या अभिजीत दिपके बोल रहे हैं झूठ?
- दिल्ली पुलिस ने कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) के इन दावों को खारिज कर दिया कि उसके संस्थापक अभिजीत डिपके को पार्टी के 'संसद चलो' प्रदर्शन के दौरान हिरासत में लिया गया था। पुलिस ने इन आरोपों को "पूरी तरह से झूठा" बताते हुए कहा कि वह "मंच पर मौजूद हैं।"
- इससे पहले दिन में, डिपके ने एक्टिविस्ट सोनम वांगचुक के अनुरोध पर अपनी अनिश्चितकालीन भूख हड़ताल समाप्त कर दी थी। सोनम वांगचुक 21 दिन के अनशन के बाद इस समय सफदरजंग अस्पताल में भर्ती हैं।
- दिल्ली पुलिस ने जंतर-मंतर से संसद की ओर मार्च करने की कोशिश कर रहे प्रदर्शनकारियों को तितर-बितर करने के लिए हल्का लाठीचार्ज किया। मानसून सत्र शुरू होने के मद्देनजर नई दिल्ली जिले में सुरक्षा बढ़ा दी गई थी और भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता (BNSS) की धारा 163 के तहत निषेधाज्ञा लागू है।


