एक जज की 'कॉकरोच' टिप्पणी के बाद 'कॉकरोच जनता पार्टी' (CJP) सोशल मीडिया पर उभरी। यह व्यंग्यात्मक मूवमेंट बेरोजगारी और भ्रष्टाचार जैसे मुद्दे उठाता है और 3 दिनों में 1 लाख सदस्य जुड़ने का दावा करता है।
इन दिनों इंडियन सोशल मीडिया पर 'कॉकरोच जनता पार्टी' की खूब चर्चा हो रही है। यह मूवमेंट तब शुरू हुआ जब सुप्रीम कोर्ट के जज, जस्टिस सूर्यकांत पर भारतीय युवाओं को 'कॉकरोच' और 'परजीवी' कहने का आरोप लगा। हालांकि, बाद में जस्टिस सूर्यकांत ने दावा किया कि उनके शब्दों को गलत समझा गया। लेकिन इस एक टिप्पणी ने सोशल मीडिया पर एक नए मूवमेंट को जन्म दे दिया, जिसे जबरदस्त सपोर्ट मिल रहा है।

'कॉकरोच जनता पार्टी'
सामाजिक-राजनीतिक व्यंग्य के तौर पर शुरू हुआ यह मूवमेंट देखते ही देखते युवाओं के विरोध का एक बड़ा मंच बन गया। 'कॉकरोच जनता पार्टी' यानी CJP नाम का यह ग्रुप एक्स (पहले ट्विटर) और इंस्टाग्राम जैसे सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स पर तेज़ी से फैल गया। 'कॉकरोच जनता पार्टी' ने दावा किया है कि सिर्फ तीन दिनों के अंदर करीब एक लाख लोग इस नई 'पार्टी' के सदस्य बन चुके हैं।
अभिजीत दिपके
'द हिंदू' की एक रिपोर्ट के मुताबिक, इस मूवमेंट के संस्थापक के तौर पर अभिजीत दिपके का नाम सामने आ रहा है, जो पहले आम आदमी पार्टी के सोशल मीडिया ऑपरेशन्स से जुड़े थे। 'कॉकरोच जनता पार्टी' ने राजनीतिक आलोचना और मीम्स का इस्तेमाल कर सोशल मीडिया पर अपनी जगह पक्की की है। CJP अपनी पोस्ट्स के जरिए युवाओं की बेरोजगारी, परीक्षा में धांधली, राजनीतिक भ्रष्टाचार और सरकारी सिस्टम में विश्वास की कमी जैसे गंभीर मुद्दे उठा रही है।
पांच-सूत्रीय नीति की घोषणा
पार्टी ने खुद को "सेक्युलर, सोशलिस्ट, डेमोक्रेटिक और लेज़ी (आलसी)" बताकर सोशल मीडिया यूजर्स का ध्यान खींचा है। व्यंग्यात्मक भाषा और मीम्स ने इनके राजनीतिक विचारों को फैलाने में मदद की है। पार्टी की पांच-सूत्रीय नीति में महिलाओं के लिए अधिक राजनीतिक प्रतिनिधित्व, दल-बदल करने वाले जनप्रतिनिधियों पर प्रतिबंध और छात्र समस्याओं में हस्तक्षेप जैसी मांगें शामिल हैं। पार्टी परीक्षा घोटालों और युवा बेरोजगारी के खिलाफ लगातार कड़ा रुख अपना रही है।
देश भर में मिली पहचान
जब तृणमूल कांग्रेस की नेता महुआ मोइत्रा और कीर्ति आज़ाद ने 'कॉकरोच जनता पार्टी' के मीम्स को अपने सोशल मीडिया पर शेयर किया, तो इस पार्टी को राष्ट्रीय स्तर पर पहचान मिली। अब सोशल मीडिया पर यह बहस छिड़ गई है कि क्या राजनीतिक व्यंग्य के रूप में शुरू हुआ यह ग्रुप भारत में एक असली राजनीतिक ताकत के रूप में उभर सकता है। वहीं, एक्सपर्ट्स का मानना है कि 'कॉकरोच जनता पार्टी' भारत की डिजिटल पीढ़ी के लिए राजनीतिक राय व्यक्त करने का एक नया तरीका है। कुछ सोशल मीडिया यूजर्स यह भी पूछ रहे हैं कि क्या यह भारत में नेपाल की 'जेन-ज़ी क्रांति' का दूसरा रूप बन सकता है। CJP का दावा है कि तीन दिनों के भीतर एक लाख लोग पार्टी में शामिल हो चुके हैं।
