इज़राइल-ईरान संघर्ष तेज हो गया है। ईरान के राष्ट्रपति के घर और कई ठिकानों पर हमले की पुष्टि हुई है। सुप्रीम लीडर को सुरक्षित स्थान पर ले जाया गया। इज़राइल में सायरन बज रहे हैं, एयरस्पेस बंद है और मिसाइल अलर्ट जारी किया गया है। 

Iran President House Attack: मिडिल ईस्ट में हालात तेजी से बिगड़ते दिख रहे हैं। ईरान के राष्ट्रपति के घर पर हमले की खबर ने पूरी दुनिया को चौंका दिया है। ईरान ने खुद पुष्टि की है कि देशभर में 30 से ज्यादा जगहों पर हमले हुए हैं। इनमें मंत्रियों के घर, सुरक्षा बलों के ठिकाने और खुफिया एजेंसियों के दफ्तर भी शामिल बताए जा रहे हैं। सबसे बड़ी खबर यह है कि ईरान के सुप्रीम लीडर अली खामेनेई (Ali Khamenei) को सुरक्षित स्थान पर ले जाया गया है। हालांकि ईरान ने अभी तक यह साफ नहीं किया है कि हमले किन-किन इलाकों में हुए।

क्या यह इज़राइल का बड़ा सैन्य ऑपरेशन है?

इज़राइल की सेना Israel Defense Forces (IDF) ने पहले ही ईरान पर हमले की पुष्टि की थी। इज़राइल के डिफेंस मिनिस्टर ने इसे “प्री-एम्प्टिव स्ट्राइक” यानी पहले से किया गया हमला बताया है। इज़राइल में लगातार सायरन बज रहे हैं और नागरिकों को सेफ रूम के पास रहने की सलाह दी गई है। हालांकि फिलहाल शेल्टर में जाने का आदेश नहीं दिया गया है।

Scroll to load tweet…

क्या ईरान जवाबी हमला करेगा?

यह सबसे बड़ा सवाल है। अगर ईरान की तरफ से जवाबी मिसाइल हमला होता है, तो यह टकराव बड़े युद्ध में बदल सकता है। IDF ने पहले ही लोगों को संभावित मिसाइल हमले के लिए अलर्ट कर दिया है। तेहरान से आई शुरुआती खबरों में धमाकों की आवाज़ की पुष्टि हुई थी। अब 30 से ज्यादा जगहों पर हमलों की बात सामने आ रही है, जिससे तनाव और बढ़ गया है।

इज़राइल ने एयरस्पेस क्यों बंद किया?

हमले के बाद इज़राइल ने सिविलियन फ्लाइट्स के लिए अपना एयरस्पेस बंद कर दिया है। ट्रांसपोर्टेशन मिनिस्ट्री ने साफ कहा है कि अगली सूचना तक कोई भी यात्री एयरपोर्ट न पहुंचे। विदेश में मौजूद इज़राइली नागरिकों को सलाह दी गई है कि वे अपनी एयरलाइन और मीडिया अपडेट पर नजर रखें। नेशनल सिक्योरिटी काउंसिल के निर्देशों का पालन करने की अपील की गई है। सुरक्षा स्थिति सामान्य होने के बाद ही एयरस्पेस दोबारा खोला जाएगा। फ्लाइट्स शुरू होने से 24 घंटे पहले सूचना दी जाएगी।

Scroll to load tweet…

क्या मिडिल ईस्ट में बड़ा युद्ध शुरू हो गया है?

राष्ट्रपति आवास, मंत्रियों के घर और सुरक्षा ठिकानों पर हमले किसी साधारण कार्रवाई का संकेत नहीं देते। यह टकराव अब सीधे शीर्ष नेतृत्व तक पहुंच चुका है। दुनिया की नजर अब ईरान की अगली चाल और अंतरराष्ट्रीय प्रतिक्रिया पर है। क्या कूटनीति हालात संभालेगी, या यह संकट पूरे क्षेत्र को आग में झोंक देगा? आने वाले घंटे बेहद निर्णायक हो सकते हैं।