केतन अग्रवाल मर्डर केस की जांच में सिया गोयल और उसके कथित प्रेमी चेतन चौधरी के बीच 2004 कॉल और 238 घंटे की बातचीत का खुलासा हुआ है। इससे कई बड़े राज खुलेंगे।
Lohagad Fort Murder Case: केतन अग्रवाल मर्डर केस की जांच में पुलिस को एक और महत्वपूर्ण सुराग मिला है। जांच के दौरान अधिकारियों ने सिया गोयल और चेतन चौधरी के कॉल डिटेल रिकॉर्ड (CDR) की जांच की, जिससे दोनों के बीच लगातार संपर्क और बातचीत की जानकारी सामने आई। पुलिस का कहना है कि कॉल रिकॉर्ड्स के विश्लेषण ने जांच को आगे बढ़ाने में मदद की और दोनों के कथित संबंधों को समझने के लिए अहम जानकारी उपलब्ध कराई।

CDR जांच में सामने आए चौंकाने वाले आंकड़े
पुणे ग्रामीण पुलिस के अनुसार, 1 जनवरी से 18 जून के बीच सिया गोयल और चेतन चौधरी के बीच कुल 2,004 फोन कॉल हुए थे। जांच से पता चला कि लगभग 6 महीने की अवधि में दोनों ने फोन पर बातचीत करते हुए कुल 238 घंटे बिताए। पुलिस के मुताबिक, यह आंकड़ा दोनों के बीच लगातार संपर्क की ओर इशारा करता है। जांच में शामिल अधिकारियों ने इन कॉल रिकॉर्ड्स को मामले की जांच के महत्वपूर्ण पहलुओं में शामिल किया है।
हर दिन औसतन 8 से 10 बार होती थी बातचीत
लोनावला ग्रामीण पुलिस स्टेशन के वरिष्ठ पुलिस इंस्पेक्टर और मामले के जांच अधिकारी दिनेश तायडे ने बताया कि दोनों आरोपियों के CDR डेटा का विस्तृत विश्लेषण किया गया। उन्होंने कहा, "दोनों आरोपियों के कॉल डिटेल रिकॉर्ड का अध्ययन करने के बाद हमें पता चला कि उनके बीच 2,004 से अधिक कॉल हुए थे। इसका मतलब है कि वे औसतन हर दिन करीब 8 से 10 बार एक-दूसरे से बात कर रहे थे।" पुलिस के अनुसार, इन आंकड़ों ने जांचकर्ताओं को दोनों के संपर्क और बातचीत के पैटर्न को समझने में मदद की।
कथित रिश्ते की जांच में कॉल रिकॉर्ड बने अहम कड़ी
जांच एजेंसियों का मानना है कि कॉल रिकॉर्ड्स ने सिया गोयल और चेतन चौधरी के बीच कथित नजदीकियों से जुड़े पहलुओं को समझने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है। पुलिस इस बात की भी जांच कर रही है कि दोनों के बीच हुई बातचीत का मामले से क्या संबंध हो सकता है। इसके लिए डिजिटल साक्ष्यों और अन्य उपलब्ध तथ्यों का भी विश्लेषण किया जा रहा है। हालांकि, जांच अभी जारी है और पुलिस सभी तथ्यों की पुष्टि करने में जुटी हुई है।
चेतन चौधरी के पिता ने आरोपों को बताया गलत
इस बीच, चेतन चौधरी के पिता बाबूलाल चौधरी ने अपने बेटे के खिलाफ लगाए गए आरोपों को खारिज कर दिया है। उन्होंने दावा किया कि चेतन को इस मामले में गलत तरीके से फंसाया जा रहा है। उनके अनुसार, उनका बेटा घटना के समय किले से दूर मौजूद था और उसका हत्या से कोई संबंध नहीं है।
'सिया खुद को बचाने के लिए मेरे बेटे को फंसा रही है'
मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, बाबूलाल चौधरी ने कहा कि चेतन ने उन्हें बताया था कि वह घटना के दौरान किले से दूर था। उन्होंने कहा, "चेतन ने मुझे बताया था कि वह उनसे दूर किले पर मौजूद था। उसे तथाकथित अमीर लोग फंसा रहे हैं। सिया और चेतन अच्छे दोस्त थे, लेकिन अब खुद को बचाने के लिए उसने मेरे बेटे को इस मामले में फंसा दिया है।"
पुलिस की जांच जारी
फिलहाल पुलिस कॉल रिकॉर्ड्स, डिजिटल साक्ष्यों और अन्य परिस्थितिजन्य सबूतों की जांच कर रही है। अधिकारियों का कहना है कि मामले के सभी पहलुओं की गहराई से पड़ताल की जा रही है। केतन अग्रवाल की मौत से जुड़े इस चर्चित मामले में जांच आगे बढ़ने के साथ नए तथ्य सामने आ रहे हैं और पुलिस कथित साजिश, मकसद तथा आरोपियों की भूमिका से जुड़े हर पहलू की जांच कर रही है।


