SIR विवाद पर INDIA गठबंधन ने सुप्रीम कोर्ट तक मार्च निकाला। खड़गे बैटमैन मास्क में दिखे, जबकि राहुल गांधी समेत विपक्षी नेताओं ने चुनावी गड़बड़ियों पर सवाल उठाए।
Mallikarjun Kharge Batman Mask: कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे सोमवार 12 अक्टूबर को सुप्रीम कोर्ट की ओर मार्च करते समय बैटमैन का मास्क पहने नजर आए। वे मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के खिलाफ याचिका दायर करने जा रहे थे। राहुल गांधी के बगल में बैठे खड़गे ने सुपरहीरो का मास्क पहना हुआ था। दुनियाभर में हो रहे विरोध प्रदर्शनों के दौरान इस तरह के मास्क पहनने का चलन देखने को मिला है।
हालांकि, यह पहली बार नहीं है जब कांग्रेस ने अपने राजनीतिक संदेश के लिए बैटमैन के प्रतीक का इस्तेमाल किया हो। इससे पहले भी पार्टी राहुल गांधी की तुलना इस काल्पनिक सुपरहीरो से करते हुए पोस्टर जारी कर चुकी है।
राहुल गांधी को बताया जा चुका है 'असली जिंदगी का बैटमैन'
- अगस्त में दिल्ली स्थित कांग्रेस मुख्यालय के बाहर राहुल गांधी को 'असली जिंदगी का बैटमैन' बताने वाले पोस्टर लगाए गए थे। इन पोस्टरों पर लिखा था, “खामोश रक्षक, चौकस पहरेदार। विपक्ष के नेता राहुल गांधी, असली जिंदगी के बैटमैन।”
- इन पोस्टरों के जरिए राहुल गांधी को ऐसे नेता के रूप में पेश किया गया था, जो विपक्ष की भूमिका निभाते हुए लोकतंत्र से जुड़े मुद्दे उठाते हैं। बैटमैन से उनकी तुलना सोशल मीडिया पर भी चर्चा का विषय रही है।
राहुल गांधी से पूछा गया था- क्या आप बैटमैन हैं?
- इस महीने की शुरुआत में राहुल गांधी ने 'आस्क मी एनीथिंग' (Ask Me Anything) सेशन शुरू किया था। इसके जरिए उन्होंने युवाओं को छात्र आंदोलनों, शिक्षा, राजनीति और दर्शन जैसे विषयों पर सवाल पूछने के लिए आमंत्रित किया।
- सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर इस पहल की घोषणा करते हुए राहुल गांधी ने लिखा था, "छात्रों, Gen-Z -- मैं आपकी बात सुनने के लिए तैयार हूं। इंस्टाग्राम पर मुझसे कुछ भी पूछें, और मैं ज्यादा से ज्यादा सवालों के जवाब दूंगा।"
- इस सवाल-जवाब सत्र के दौरान एक यूजर ने उनसे पूछा, "क्या आप बैटमैन हैं?" इस पर राहुल गांधी ने सोशल मीडिया पर लंबे समय से चल रहे उस मीम का मजाकिया अंदाज में जवाब दिया, जिसमें उनकी तुलना काल्पनिक सुपरहीरो से की जाती है।
- राहुल गांधी ने कहा, "बस इतना कह सकता हूं कि किसी ने मुझे और बैटमैन को कभी एक ही कमरे में साथ नहीं देखा है।" उनके इस जवाब ने बैटमैन से जुड़ी सोशल मीडिया चर्चा को फिर से सुर्खियों में ला दिया।
CJI के मुलाकात से इनकार के बाद सुप्रीम कोर्ट पहुंचे विपक्षी नेता
- विपक्षी नेताओं का यह मार्च भारत के मुख्य न्यायाधीश (CJI) की ओर से मुलाकात का अनुरोध ठुकराए जाने के एक दिन बाद निकाला गया। मुख्य न्यायाधीश ने कहा था कि जिन मुद्दों पर विपक्षी नेता चर्चा करना चाहते हैं, वे पहले से ही अदालत में विचाराधीन हैं।
- इसके बाद विपक्षी नेताओं ने सुप्रीम कोर्ट में संयुक्त याचिका दायर की। याचिका में मतदाता सूची के विशेष गहन संशोधन यानी SIR के दौरान बड़े पैमाने पर मतदाताओं के नाम हटाए जाने और कथित अनियमितताओं के आरोप उठाए गए।
- विपक्षी नेताओं का कहना था कि वे मुख्य न्यायाधीश को एक ज्ञापन सौंपना चाहते थे। इसके जरिए वे 'वोट चोरी' रोकने, मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे, मतदाता सूची के SIR पर रोक लगाने और फिर से पेपर बैलेट सिस्टम अपनाने की मांग करना चाहते थे।
पुलिस ने रोका मार्च, बैरिकेड्स पार करते दिखे विपक्षी नेता
- जब पुलिस ने भगवान दास रोड पर मार्च को रोक दिया, तो राहुल गांधी, प्रियंका गांधी वाड्रा, तेजस्वी यादव और अखिलेश यादव समेत कई नेता एक गाड़ी पर चढ़ गए। इसके बाद नेताओं ने बैरिकेड्स पार कर जुलूस को आगे बढ़ाया। इस दौरान समर्थक नारे लगाते रहे और झंडे लहराते नजर आए।
- प्रदर्शन के दौरान माहौल काफी जोशपूर्ण रहा। नेताओं और उनके समर्थकों ने केंद्र सरकार तथा मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के खिलाफ नारे लगाए। प्रदर्शनकारियों ने कहा कि वे 'वोट चोरी' और SIR की प्रक्रिया का विरोध जारी रखेंगे।
बाराखंबा रोड से सुप्रीम कोर्ट की ओर बढ़े समर्थक
- विरोध मार्च में शामिल होने के लिए बड़ी संख्या में समर्थक पहले ही दिल्ली के कनॉट प्लेस स्थित बाराखंबा रोड जंक्शन पर पहुंच चुके थे। यहां से राहुल गांधी, प्रियंका गांधी वाड्रा और ऑल इंडिया स्टूडेंट्स एसोसिएशन (AISA) की प्रमुख नेहा बोरा के नेतृत्व में समर्थकों ने सुप्रीम कोर्ट की ओर मार्च किया।
- प्रदर्शनकारियों ने कई किलोमीटर तक मार्च करते हुए मतदाता सूची के विशेष गहन संशोधन और कथित चुनावी अनियमितताओं के खिलाफ अपना विरोध दर्ज कराया। इस दौरान विपक्षी नेताओं ने चुनाव प्रक्रिया में पारदर्शिता और 'वोट चोरी' के आरोपों पर कार्रवाई की मांग उठाई।
- इस तरह, SIR विवाद को लेकर निकाला गया विपक्ष का मार्च राजनीतिक चर्चा का प्रमुख मुद्दा बन गया। मार्च के दौरान मल्लिकार्जुन खड़गे का बैटमैन मास्क पहनना और राहुल गांधी से जुड़ा पुराना 'रियल लाइफ बैटमैन' मीम भी चर्चा में रहा।


