Mirzapur News: पूर्व IAS दिव्या मित्तल मिर्जापुर के लहुरियादह गांव पहुंचीं, जहां बुजुर्ग दुईजी देवी से भावुक मुलाकात हुई। गांव में स्कूल का निर्माण वन विभाग की आपत्ति से रुका है।

Mirzapur Former IAS Officer: एक बुजुर्ग महिला की वह मांग, जिसे उन्होंने गांव में पानी की समस्या सुनाने पहुंची पूर्व IAS अधिकारी के सामने रखा था, आज भी अधूरी है। मिर्जापुर के लहुरियादह गांव में दिव्या मित्तल और दुईजी देवी की मुलाकात ने इसी पुराने वादे को फिर चर्चा में ला दिया। दोनों की भावुक मुलाकात का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है।

पानी की समस्या बताने पहुंची थीं, स्कूल की मांग कर दी

लहुरियादह में जल जीवन मिशन के तहत घर-घर नल से पानी पहुंचाने की पहल के दौरान दिव्या मित्तल गांव पहुंची थीं। इसी दौरान बुजुर्ग दुईजी देवी ने उनसे गांव की एक दूसरी बड़ी समस्या साझा की।

उन्होंने बताया कि गांव में उच्च माध्यमिक विद्यालय नहीं होने के कारण बच्चों को पढ़ाई के लिए दूर जाना पड़ता है। उनका कहना था कि गांव में ही स्कूल बने, ताकि बच्चों को शिक्षा हासिल करने के लिए लंबा सफर न करना पड़े।

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शुरू हुआ स्कूल का काम, वन विभाग की आपत्ति से फिर रुका

दुईजी देवी की मांग के बाद गांव में स्कूल निर्माण का मुद्दा आगे बढ़ा और कुछ समय पहले निर्माण कार्य भी शुरू हुआ। लेकिन बाद में वन विभाग ने जमीन पर अपना अधिकार बताते हुए निर्माण पर आपत्ति जताई। इसके बाद स्कूल का काम रुक गया।

दुईजी देवी को उम्मीद थी कि दिव्या मित्तल दोबारा गांव आएंगी और इस समस्या को आगे उठाएंगी। शुक्रवार को जब पूर्व IAS अधिकारी लहुरियादह पहुंचीं तो दोनों की मुलाकात हुई। बातचीत के दौरान दोनों भावुक हो गईं।

गड़बड़ा धाम में दर्शन, फिर ग्रामीणों से सीधा संवाद

दिव्या मित्तल ने गांव पहुंचने से पहले गड़बड़ा धाम में मां शीतला देवी के दर्शन किए। इसके बाद हलिया ब्लॉक के लहुरियादह गांव पहुंचकर ग्रामीणों की समस्याएं सुनीं। रास्ते में समर्थकों ने उनका स्वागत भी किया।

अपनी नई पार्टी जननीति भारत पार्टी को लेकर उन्होंने कहा कि उनका लक्ष्य ऐसा राजनीतिक माहौल बनाना है, जहां जनता की बात सुनी जाए और नीतियां स्थानीय जरूरतों के हिसाब से तय हों। उन्होंने जवाबदेही में जनता की भूमिका को भी महत्वपूर्ण बताया। पार्टी गठन के ऐलान के बाद मिर्जापुर में उनकी सक्रियता पर राजनीतिक नजरें भी टिकी हैं।

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