मुरादाबाद के मैनाठेर में दिल्ली से आई बारात में दूल्हे की पहचान को लेकर विवाद हो गया। ‘शहनवाज’ नाम से पहुंचे युवक की असली पहचान विराट वेदी बताई गई। आधार कार्ड मांगने पर शक गहराया और पुलिस ने पूछताछ की। आखिर शादी क्यों नहीं हो सकी?

Moradabad News: उत्तर प्रदेश के मुरादाबाद में शादी की तैयारियों के बीच ऐसा मोड़ आया कि बारात को बिना दुल्हन के ही लौटना पड़ा। आरोप है कि दिल्ली का एक हिंदू युवक अपनी मुस्लिम प्रेमिका से शादी करने के लिए मुस्लिम पहचान अपनाकर ‘शहनवाज’ के नाम से बारात लेकर पहुंचा था। मामला तब उलझ गया, जब निकाह की रस्मों के दौरान पहचान से जुड़े सवाल उठे और खाने को लेकर भी विवाद हुआ। इसके बाद पुलिस को हस्तक्षेप करना पड़ा।

‘शहनवाज’ बनकर क्यों पहुंचा दूल्हा?

जानकारी के मुताबिक, युवक की पहचान दिल्ली के दिलशाद गार्डन निवासी विराट वेदी के रूप में बताई गई है। करीब एक साल पहले युवती की मुलाकात दिल्ली के एक अस्पताल में हुई थी, जहां वह अपनी बहन के इलाज के लिए पहुंची थी। दोनों के बीच प्रेम संबंध शुरू हुआ और उन्होंने शादी करने का फैसला किया।

बताया जा रहा है कि अलग-अलग धर्म होने के कारण युवती के परिवार की सहमति मिलने में मुश्किल थी। इसी वजह से दोनों ने कथित तौर पर युवक की पहचान छिपाकर शादी कराने की योजना बनाई। हालांकि, इन दावों की पुष्टि जांच के निष्कर्षों से ही हो सकेगी।

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आधार कार्ड मांगने पर हुआ शक, खाने को लेकर भी विवाद

मुरादाबाद के मैनाठेर इलाके में बारात पहुंचने के बाद शादी की रस्मों की तैयारी थी। स्थानीय लोगों के मुताबिक, निकाह की कागजी प्रक्रिया के दौरान दूल्हे से आधार कार्ड मांगा गया, लेकिन उसने दस्तावेज देने से इनकार कर दिया। इससे वहां मौजूद लोगों को संदेह हुआ।

इसी बीच खाने में मीट परोसे जाने को लेकर भी विवाद होने की बात सामने आई। इसके बाद मामला बढ़ा और युवक की असली पहचान सामने आने लगी। हालांकि, केवल खाने को लेकर हुए विवाद को ही पहचान खुलने की एकमात्र वजह मानना सही नहीं होगा।

पुलिस ने की पूछताछ, बिना दुल्हन लौटी बारात

विवाद बढ़ने के बाद मैनाठेर थाना पुलिस ने युवक से पूछताछ की। बताया गया कि युवक ने अपनी पहचान विराट वेदी के रूप में बताई और प्रेम संबंध के चलते शादी की योजना बनाने की बात कही। इस घटनाक्रम के बाद शादी नहीं हो सकी और बारात को वापस लौटना पड़ा। मामले में पहचान छिपाने और शादी की योजना से जुड़े दावों की पुष्टि के लिए आधिकारिक पुलिस जानकारी अहम होगी। फिलहाल, यह घटना प्रेम संबंध, पारिवारिक सहमति और शादी से पहले पहचान की पुष्टि जैसे सवालों को सामने लाती है।

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