Bhavli Dam incident : महाराष्ट्र के नाशिक में पिकनिक मनाने गए एक परिवार ने भयानक और डरावना अनुभव सुनाया उसे सुनकर लोग दहशत में आ गए हैं कि अब पिकनिक मनाना भी खतरे से खाली नहीं है। उन्होंने दर्द बयां किया वह कैसे जिंदा बचे हैं। ममला सीएम तक पहुंच गया है।

नाशिक (महाराष्ट्र). नाशिक जिले के भवड़ी डैम के पास पिकनिक मनाने गए एक परिवार के साथ बदसलूकी और करीब 20 किलोमीटर तक उनका पीछा करने का मामला सामने आया है। परिवार की एक महिला ने जब कथित यौन उत्पीड़न का विरोध किया, तो आरोपियों ने उनकी कार पर कई बार हमला किया। पुलिस ने मंगलवार को बताया कि इस मामले में कम से कम नौ लोगों को हिरासत में लिया गया है। नाशिक (ग्रामीण) के एसपी ढोंढोपंत स्वामी ने बताया कि पुलिस ने FIR में शुरुआत में बताए गए आरोपियों के अलावा भी जांच का दायरा बढ़ाया है।



उन्होंने पत्रकारों से कहा, "FIR दर्ज होने के बाद, हमने वीडियो की समीक्षा और तकनीकी जांच सहित पूरी पड़ताल की और अब तक नौ आरोपियों की पहचान की है। मूल FIR में छह या सात संदिग्धों के नाम थे, लेकिन हमने उन लोगों को भी शामिल किया है जिन्होंने उन्हें पनाह दी या सहयोगी के तौर पर काम किया। हमने अब 9 आरोपियों को हिरासत में ले लिया है। आगे की कानूनी कार्रवाई चल रही है।"

पीड़ित महिला ने बयां की वो दर्दनाक मंजर

  • महिला ने एएनआई को बताया, "हम परिवार के आठ लोग 12 जुलाई को भवली डैम गए थे। वहां 20-25 साल के दो लड़कों ने मुझ पर कमेंट्स किए और छेड़छाड़ की। मैंने उन्हें डांटा तो बहस शुरू हो गई। बाद में जब मेरे पति और देवर वहां पहुंचे, तो उन्होंने भी उन लड़कों का सामना किया। थोड़ी देर बाद वे दोनों वहां से चले गए। लेकिन फिर उनके गांव के आठ-दस लोग आए और हमसे बहस करने लगे। वे हमें गालियां देने लगे और मारपीट पर उतर आए। इसके तुरंत बाद हम नासिक के लिए निकल गए। रास्ते में अचानक एक कार ने हमें ओवरटेक कर रोक लिया और रॉड लिए हुए लोग हमारा पीछा करने लगे। जहां भी हमारी गाड़ी रुकती, वे हम पर हमला करते। उन्होंने कम से कम 25-30 किलोमीटर तक हमारा पीछा किया। हम सीधे नासिक पहुंचे और FIR दर्ज कराई।"



महिला के पति ने बताई वो शाकिंग कहानी

महिला के पति ने बताया कि पीछा करने के दौरान हमलावरों ने कई बार उनकी गाड़ी को रोका। उन्होंने ANI को बताया, “जैसे ही हम टोल प्लाजा से गुजर रहे थे, एक कार आई और उसमें बैठे लोगों ने हम पर हमला करना शुरू कर दिया। हमने टोल प्लाजा का बैरिकेड तोड़ा और एक संकरी सड़क पर आगे बढ़ गए। वहां हम पर फिर से हमला हुआ। हमने अलग-अलग इलाकों से गुजरते हुए स्थानीय लोगों से मदद मांगी। हम पर करीब 5-6 बार हमला किया गया। हम सीधे नाशिक के एक पुलिस स्टेशन पहुंचे। मैं मांग करता हूं कि इन हमलावरों पर मकोका (MCOCA) लगाया जाना चाहिए।”

CM देवेंद्र फडणवीस तक पहुंचा मामला

  • इस बीच, बीजेपी विधायक देवयानी फरांदे ने कहा कि महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस के निर्देशों के बाद 24 घंटे के भीतर आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया गया।
  • फरांदे ने कहा, "स्थानीय गुंडों द्वारा पर्यटकों पर हमले के बाद, नाशिक ग्रामीण एसपी ने सीएम के आदेश पर कार्रवाई करते हुए 24 घंटे के भीतर अपराधियों को जेल में डाल दिया। नाशिक ग्रामीण पुलिस पर्यटकों को नुकसान पहुंचाने किसी भी व्यक्ति से सख्ती से निपटेगी... नाशिक ग्रामीण एसपी यह सुनिश्चित करने के लिए कदम उठा रहे हैं कि ऐसा दोबारा न हो।"