Alessandra Mussolini News: इटली के तानाशाह बेनिटो मुसोलिनी की पोती एलेसांद्रा मुसोलिनी बिग ब्रदर शो जीतने के बाद फिर चर्चा में हैं। उन्हें प्रधानमंत्री जॉर्जिया मेलोनी की सियासी दुश्मन माना जाता है। 2027 चुनाव से पहले उनकी लोकप्रियता ने नई बहस छेड़ दी है।

इटली की राजनीति में एक बार फिर ऐसा नाम सुर्खियों में है, जो इतिहास, विवाद और सत्ता की बहसों से गहराई से जुड़ा हुआ है। देश के कुख्यात तानाशाह बेनिटो मुसोलिनी की पोती Alessandra Mussolini ने इटली के चर्चित रियलिटी शो “बिग ब्रदर” का नया सीजन जीतकर राजनीतिक गलियारों में हलचल बढ़ा दी है।

Add Asianetnews Hindi as a Preferred SourcegooglePreferred

इटली में आम चुनाव से पहले एलेसांद्रा मुसोलिनी की यह जीत सिर्फ मनोरंजन जगत की खबर नहीं मानी जा रही, बल्कि इसे देश की बदलती राजनीतिक हवा और दक्षिणपंथी राजनीति की वापसी से जोड़कर भी देखा जा रहा है। खास बात यह है कि एलेसांद्रा को मौजूदा प्रधानमंत्री Giorgia Meloni की कट्टर राजनीतिक प्रतिद्वंद्वी माना जाता है।

बिग ब्रदर जीतने के बाद फिर चर्चा में मुसोलिनी परिवार

स्थानीय मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, एलेसांद्रा मुसोलिनी ने इटली के लोकप्रिय रियलिटी शो “सेलिब्रिटी बिग ब्रदर” का नवीनतम सीजन जीत लिया है। शो जीतने पर उन्हें करीब 1.16 लाख डॉलर का इनाम मिला। जीत के बाद दिए इंटरव्यू में एलेसांद्रा ने कहा कि उन्हें अपने जीवन या परिवार को लेकर किसी तरह का पछतावा नहीं है। उन्होंने साफ कहा कि वह जैसी हैं, वैसी ही रहना चाहती हैं। इस बयान के बाद सोशल मीडिया और राजनीतिक मंचों पर नई बहस शुरू हो गई है।

यह भी पढ़ें: क्या खत्म होने वाली है अमेरिका-ईरान की तनातनी? एक फैसले से ‘5 सेकेंड’ में रुक सकती है जंग

कौन थे बेनिटो मुसोलिनी?

Benito Mussolini द्वितीय विश्व युद्ध के दौरान इटली के शासक थे। उन्हें यूरोप के सबसे कठोर और विवादित तानाशाहों में गिना जाता है। मुसोलिनी ने जर्मनी के तानाशाह Adolf Hitler के साथ गठबंधन किया था और मित्र राष्ट्रों के खिलाफ युद्ध में हिस्सा लिया था। युद्ध के बाद फासीवाद और मुसोलिनी की विचारधारा को लेकर इटली में लंबे समय तक तीखी राजनीतिक बहस होती रही। यही वजह है कि आज भी मुसोलिनी परिवार का कोई भी सदस्य सार्वजनिक जीवन में आता है तो वह चर्चा का बड़ा विषय बन जाता है।

राजनीति में भी लंबा रहा एलेसांद्रा का सफर

एलेसांद्रा मुसोलिनी सिर्फ टीवी चेहरा नहीं हैं। उन्होंने 1992 में सक्रिय राजनीति में कदम रखा था। उस समय वह इटली की नव-फासीवादी पार्टी “इटैलियन सोशल मूवमेंट” से जुड़ी थीं।

दिलचस्प बात यह है कि उसी दौर में जॉर्जिया मेलोनी ने भी इसी राजनीतिक धड़े से अपने करियर की शुरुआत की थी। बाद में दोनों नेताओं के बीच राजनीतिक मतभेद बढ़ते गए। एलेसांद्रा 2013 में इटली की सीनेट पहुंचीं और 2014 में यूरोपीय संसद की सदस्य भी चुनी गईं। 2020 में उन्होंने मेलोनी के समर्थन में प्रचार किया था, लेकिन बाद में दोनों के रिश्तों में दूरी आ गई।

मेलोनी से अलग होने के बाद बदली सियासत

2024 में एलेसांद्रा मुसोलिनी ने मेलोनी की पार्टी से अलग होने का फैसला लिया। इसके बाद वह सक्रिय राजनीति से कुछ दूरी पर नजर आईं। हालांकि अब बिग ब्रदर जीतने के बाद उनकी लोकप्रियता फिर बढ़ती दिखाई दे रही है। विश्लेषकों का मानना है कि अगर एलेसांद्रा दोबारा राजनीति में सक्रिय होती हैं, तो दक्षिणपंथी वोटों का समीकरण बदल सकता है। इसका सीधा असर मेलोनी की रणनीति पर पड़ सकता है।

2027 चुनाव से पहले बढ़ सकता है दबाव

इटली में अगला आम चुनाव 2027 में प्रस्तावित है। प्रधानमंत्री जॉर्जिया मेलोनी एक बार फिर चुनाव मैदान में उतर सकती हैं। दूसरी तरफ वामपंथी दल भी सरकार को घेरने की तैयारी कर रहे हैं। ऐसे में एलेसांद्रा मुसोलिनी की लोकप्रियता बढ़ना मेलोनी के लिए नई चुनौती माना जा रहा है। खासकर तब, जब हाल के महीनों में कई मुद्दों पर मेलोनी सरकार को आलोचना का सामना करना पड़ा है। राजनीतिक विशेषज्ञों का कहना है कि इटली की राजनीति में व्यक्तित्व और मीडिया प्रभाव की भूमिका लगातार बढ़ रही है। ऐसे में किसी रियलिटी शो की जीत भी भविष्य की राजनीतिक दिशा तय करने में असर डाल सकती है।

क्या राजनीति में वापसी करेंगी एलेसांद्रा?

फिलहाल एलेसांद्रा मुसोलिनी ने 2027 चुनाव लड़ने को लेकर कोई आधिकारिक घोषणा नहीं की है। लेकिन जिस तरह उनकी लोकप्रियता फिर बढ़ रही है, उससे राजनीतिक अटकलें तेज हो गई हैं। इटली की राजनीति में यह देखना दिलचस्प होगा कि क्या मुसोलिनी परिवार का यह चेहरा फिर सक्रिय राजनीति में लौटकर सत्ता समीकरण बदलने की कोशिश करेगा, या फिर यह लोकप्रियता सिर्फ टीवी शो तक सीमित रह जाएगी।

यह भी पढ़ें: AC बंद, पानी बंद, मेट्रो बंद...गुरुग्राम में अचानक अंधेरा! ट्रांसफार्मर फुंकते ही ठप हुई बिजली