World Hottest Cities List: 22 मई, शुक्रवार को दुनिया के 50 सबसे गर्म शहर भारत में रिकॉर्ड किए गए, जिनमें से अधिकतर सिर्फ एक राज्य में हैं। शाम 6:15 बजे भी 43°C से 44°C तक पहुंचते तापमान ने उत्तर भारत में भीषण हीटवेव की स्थिति पैदा कर दी है। जानिए क्यों उत्तर भारत इस खतरनाक गर्मी का सबसे बड़ा केंद्र बन गया है।
Worlds 50 Hottest Cities List: 22 मई, शुक्रवार शाम 6:15 बजे का समय, जब आमतौर पर तापमान गिरने लगता है, लेकिन भारत के मैदानी इलाकों में हालात बिल्कुल उलट थे। AQI.in के लेटेस्ट वेदर रिपोर्ट में चौंकाने वाली तस्वीर सामने आई, जिसमें दुनिया के 50 सबसे गर्म शहरों में सभी भारत से हैं और इनमें भी सबसे बड़ा हिस्सा उत्तर प्रदेश का है। भीषण हीटवेव 2026, लगातार बढ़ता तापमान और सूखे मौसम ने उत्तर, मध्य और पूर्वी भारत को झुलसा दिया है। कई शहरों में तापमान 43°C से 44°C के बीच दर्ज किया गया, जिससे हालात बेहद गंभीर बने हुए हैं।

यूपी बना ग्लोबल हीटवेव का सेंटर, 30 से ज्यादा शहर लिस्ट में
इस लिस्ट में उत्तर प्रदेश सबसे बड़े हॉटस्पॉट के रूप में उभरा है। राज्य के दर्जनों शहर जैसे मुरादाबाद, प्रयागराज, वाराणसी, आगरा, कानपुर, गाजियाबाद, बरेली, झांसी, एटा, एटा, शाहजहांपुर, जौनपुर, अलीगढ़ और मथुरा, लगातार 43°C से 44°C की तपिश झेल रहे हैं। विशेषज्ञों के अनुसार, यूपी का मैदानी भू-भाग और लगातार सूखी हवा इसे और ज्यादा गर्म बना रही है।

क्यों उत्तर प्रदेश बन गया हीटवेव का केंद्र?
मौसम वैज्ञानिक यूपी में खतरनाक गर्मी के पीछे कई बड़े कारण बता रहे हैं-
1. इंडो-गैंगेटिक प्लेन की भौगोलिक स्थिति: उत्तर प्रदेश एक विशाल समतल क्षेत्र में स्थित है, जहां राजस्थान और मध्य भारत की गर्म हवाएं बिना किसी बाधा के तेजी से फैल जाती हैं। पहाड़ों या ऊंचाई का अभाव इस गर्मी को और तीव्र बना देता है।
2. बादलों और नमी की भारी कमी: मई के अंत तक आमतौर पर बादल और नमी बढ़ने लगती है, लेकिन इस साल सूखी हवाओं का दबाव बना हुआ है। नतीजा दिन में तेज धूप और रात में भी राहत नहीं।
3. शहरों की बढ़ती गर्मी (Urban Heat Island Effect): आगरा, वाराणसी और प्रयागराज जैसे शहरों में कंक्रीट और सीमेंट की अधिकता तापमान को और बढ़ा रही है। ये शहर दिनभर गर्मी सोखते हैं और रात में भी उसे छोड़ते रहते हैं।
4. हरियाली और नमी में गिरावट- बुंदेलखंड और पूर्वी यूपी के कई हिस्सों में मिट्टी की नमी कम हो रही है और हरियाली घट रही है, जिससे प्राकृतिक ठंडक का असर खत्म हो गया है।
IMD अलर्ट: कई जिलों में सीवियर हीटवेव का खतरा, रात में भी राहत नहीं
भारतीय मौसम विभाग (IMD) ने पूर्वी और मध्य उत्तर प्रदेश के कई जिलों के लिए रेड अलर्ट जारी किया है। चेतावनी में कहा गया है कि आने वाले दिनों में स्थिति और बिगड़ सकती है। सबसे गंभीर बात यह है कि ये तापमान दिन के बजाय शाम के समय दर्ज किए गए हैं, जब सामान्यतः पारा नीचे आता है। लेकिन इस बार उत्तर भारत में हालात उलट हैं। शाम को भी 43°C से ऊपर तापमान बरकरार है। रात में भी गर्म हवाओं का असर साफ दिख रहा है। लू जैसी स्थिति लगातार जारी मौसम विशेषज्ञों का मानना है कि यह सिर्फ एक मौसमी घटना नहीं, बल्कि क्लाइमेट चेंज और लगातार बढ़ते हीटवेव पैटर्न का संकेत है। भारत का इंटीरियर हीट बेल्ट तेजी से फैल रहा है।
भीषण गर्मी से कब मिलेगी राहत?
फिलहाल राहत की उम्मीद मानसून पर टिकी है। लेकिन तब तक उत्तर प्रदेश और आसपास के राज्यों में गर्मी का यह डबल अटैक यानी दिन में लू और रात में तपिश, लोगों की मुश्किलें बढ़ाता रहेगा।


