UP में 6 से 13 फरवरी 2026 तक दिव्यांगजन रोजगार अभियान 2.0 चलाया जाएगा। कौशल विकास मिशन के तहत प्रशिक्षित दिव्यांगजनों को नौकरी और स्वरोजगार से जोड़ा जाएगा। औद्योगिक इकाइयों, एमएसएमई योजनाओं और रोजगार संगम पोर्टल के माध्यम से अवसर उपलब्ध होंगे।

लखनऊ। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में उत्तर प्रदेश सरकार दिव्यांगजनों को आत्मनिर्भर बनाने के लिए एक और महत्वपूर्ण कदम उठाने जा रही है। उत्तर प्रदेश कौशल विकास मिशन द्वारा प्रदेश के सभी जिलों में 06 से 13 फरवरी 2026 तक 'दिव्यांगजन रोजगार अभियान 2.0' चलाया जाएगा। इस अभियान का उद्देश्य दिव्यांगजनों को नौकरी के साथ-साथ स्व-रोजगार के अवसर उपलब्ध कराना है। यह पहल उन्हें सम्मानजनक जीवन, आत्मनिर्भरता और समाज की मुख्यधारा से जोड़ने की दिशा में अहम प्रयास है।

Skill Development Mission: प्रशिक्षित दिव्यांगजनों को रोजगार का लाभ

व्यावसायिक शिक्षा, कौशल विकास एवं उद्यमशीलता राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) कपिल देव अग्रवाल के अनुसार, पिछले तीन वर्षों में कौशल विकास मिशन और आईटीआई के माध्यम से प्रशिक्षित पात्र दिव्यांगजनों को इस अभियान के तहत रोजगार से जोड़ा जाएगा। इसके अलावा, जिले में मौजूद अन्य इच्छुक दिव्यांगजन भी इस अभियान का लाभ उठा सकेंगे, जिससे ज्यादा लोगों को रोजगार और स्वरोजगार के अवसर मिल सकेंगे।

Industrial Jobs और MSME योजनाएं: सेवायोजन व स्व-रोजगार पर फोकस

इस विशेष अभियान के दौरान जिलों में संचालित औद्योगिक इकाइयों, संस्थानों और प्रतिष्ठानों में उपलब्ध रिक्तियों के अनुसार दिव्यांगजनों का सेवायोजन कराया जाएगा। साथ ही, एमएसएमई योजनाएं, जिला उद्योग एवं निर्यात प्रोत्साहन केंद्र और अन्य सरकारी स्वरोजगार योजनाओं से भी दिव्यांगजनों को जोड़ा जाएगा, ताकि वे खुद का व्यवसाय शुरू कर सकें और आर्थिक रूप से मजबूत बन सकें।

District Level Committee: मुख्य विकास अधिकारी की अध्यक्षता में संचालन

उत्तर प्रदेश कौशल विकास मिशन के निदेशक पुलकित खरे ने बताया कि हर जिले में यह अभियान मुख्य विकास अधिकारी की अध्यक्षता में गठित समिति द्वारा संचालित होगा। इस समिति में शामिल होंगे:

  • जिला उद्योग एवं निर्यात प्रोत्साहन केंद्र के प्रतिनिधि
  • जिला दिव्यांगजन सशक्तीकरण अधिकारी
  • जिला रोजगार सहायता अधिकारी
  • कौशल विकास मिशन के जिला समन्वयक

निर्धारित अवधि में राजकीय आईटीआई को केंद्र बनाकर रोजगार और स्वरोजगार से जुड़ी गतिविधियां आयोजित की जाएंगी।

Rojgar Sangam Portal: ऑनलाइन पंजीकरण से भी मिलेगा रोजगार अवसर

रोजगार संगम पोर्टल पर पंजीकृत दिव्यांगजनों को भी इस अभियान में शामिल किया जाएगा। जिला रोजगार सहायता अधिकारी के माध्यम से उन्हें उपलब्ध नौकरियों से जोड़ा जाएगा। सरकार ने निर्देश दिए हैं कि अभियान का जिला स्तर पर व्यापक प्रचार-प्रसार किया जाए, ताकि ज्यादा से ज्यादा दिव्यांगजन इसका लाभ उठा सकें और रोजगार की मुख्यधारा से जुड़ सकें।

Top District Award: सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन करने वाले जिलों को सम्मान

अभियान के सफल क्रियान्वयन के आधार पर सबसे अधिक रोजगार और स्वरोजगार उपलब्ध कराने वाले प्रदेश के शीर्ष 5 जिलों के जिलाधिकारियों और उनकी टीम को प्रशस्ति-पत्र देकर सम्मानित किया जाएगा। 13 फरवरी 2026 को शाम 5 बजे तक सभी जिलों से रोजगार प्राप्त दिव्यांगजनों की संख्या, नियुक्ति पत्र और स्वरोजगार से जुड़े प्रमाण मांगे जाएंगे।