'पूत कपूत तो का धन संचय, पूत सपूत तो का धन संचय!' यह कहावत इस बूढ़ी मां पर सटीक बैठी। भरा-पूरा और सम्पन्न परिवार होने के बावजूद इस मां को घर के बाहर अपना आखिरी वक्त गुजारना पड़ा। न खाने की बेटों ने फिक्र की और न कपड़ा-लत्तों की। बाहर पड़े-पड़े सिर में कीड़े पड़ गए, लेकिन किसी ने इलाज कराने की सुध तक नहीं ली। लिहाजा, यह लाचार मां इस दुनिया से चल बसी। यह शर्मनाक तस्वीर पंजाब के श्री मुक्तसर साहिब से सामने आई है। इस महिला का एक बेटा स्थानीय बड़ा नेता है, जबकि दूसरा अफसर। पोती भी एक बड़ी अफसर है।

श्री मुक्तसर साहिब, पंजाब. 'पूत कपूत तो का धन संचय, पूत सपूत तो का धन संचय!' यह कहावत इस बूढ़ी मां पर सटीक बैठी। भरा-पूरा और सम्पन्न परिवार होने के बावजूद इस मां को घर के बाहर अपना आखिरी वक्त गुजारना पड़ा। न खाने की बेटों ने फिक्र की और न कपड़ा-लत्तों की। बाहर पड़े-पड़े सिर में कीड़े पड़ गए, लेकिन किसी ने इलाज कराने की सुध तक नहीं ली। लिहाजा, यह लाचार मां इस दुनिया से चल बसी। यह शर्मनाक तस्वीर पंजाब के श्री मुक्तसर साहिब से सामने आई है। इस महिला का एक बेटा स्थानीय बड़ा नेता है, जबकि दूसरा अफसर। पोती भी एक बड़ी अफसर।

Add Asianetnews Hindi as a Preferred SourcegooglePreferred


कुछ दिन पहले एक संस्था को मिली थी घर के बाहर पड़े होने की सूचना...

82 वर्षीय यह महिला गुज्जर रोड पर मिट्टी के गारे से एक 2 बाय 2 फुट के खोल में पड़ी मिली थी। सालासार सेवा सोसायटी को किसी ने सूचना दी थी कि एक बुजुर्ग सड़क पर लावारिश पड़ी है। उसके तन पर पर्याप्त कपडे़ नहीं है। उसके सिर में कीड़े पड़ चुके हैं। उसकी हालत बेहद खराब है। इसके बाद सोसायटी के लोग वहां पहुंचे और महिला को सरकारी अस्पताल में भर्ती कराया गया। जब इसकी खबर महिला के बेटों को पता चली, तो शर्मिंदगी में वे मां को फरीदकोट अस्पताल लेकर चले गए। वहां इलाज के दौरान महिला की मौत हो गई।

एएसआई दिलबाग सिंह ने बताया कि मृतका के दो बेटे हैं। एक नेता है, जबकि दूसरा अफसर। पूरा परिवार सम्पन्न है, बावजूद मां को सड़क पर मरने के लिए छोड़ना हैरान करता है। अब बेटे सफाई दे रहे हैं कि उन्होंने किसी को पैसा दिया था कि वो मां की देखभाल करता रहा। एक बेटे ने तर्क दिया कि उसकी पत्नी बीमार है। उसका खुद का बेटा छोटा है, इसलिए मां की देखभाल करने में असमर्थ था। इसलिए उसने 4 हजार रुपए महीने में एक व्यक्ति को रखा हुआ था। इस मामले में डीसी एमके अरविंद कुमार ने जांच के आदेश दिए हैं। एसडीएम वीरपाल कौर मामले की जांच कर रही हैं।