Ram Kund Temple Pakistan: पाकिस्तान में हिंदुओं के ऐसे अनेक मंदिर है देख-रेख के अभाव में खंडहर में बदलते जा रहे हैं। ऐसा ही एक मंदिर है इस्लामाबाद के मार्गल्ला हिल्स में स्थित राम मंदिर जिसे राम कुंड मंदिर भी कहते हैं। 

Ram Kund Temple Pakistan: 22 अप्रैल को कश्मीर के पहलगाम में हुए आतंकी हमले के बाद भारत-पाकिस्तान के बीच जंग जैसे हालात बने हुए हैं। 1947 में बंटवारे से पहले पाकिस्तान भी भारत का ही हिस्सा हुआ करता था, इसलिए वहां आज भी हिंदुओं के अनेक प्राचीन मंदिर देखे जा सकते हैं। ऐसा ही एक मंदिर इस्लामाबाद के मार्गल्ला हिल्स इलाके में स्थित है जिसे राम मंदिर और रामकुंड मंदिर के नाम से जाना जाता है। ये मंदिर 16वीं शताब्दी का माना जाता है। जानें इस मंदिर से जुड़ी खास बातें…

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यहां पिया था भगवान श्रीराम ने पानी

इस्लामाबाद के इस राम मंदिर को लेकर मान्यता है कि जब भगवान श्रीराम वनवास पर थे तो उन्होंने कुछ दिन इसी स्थान पर बिताए थे। मंदिर के पास एक प्राचीन तालाब है, कहते हैं कि इस दौरान भगवान श्रीराम ने इसी कुंड से पानी पिया था, जिसके चलते इस कुंड का नाम राम कुंड और इस मंदिर का नाम राम कुंड मंदिर हो गया। पाकिस्तान में रहने वाल हिंदुओं के लिए ये स्थान आज भी धार्मिक आस्था का प्रमुख केंद्र है।

यहां नहीं है भगवान की कोई मूर्ति

इस मंदिर की खास बात यह है कि वर्तमान में यहां भगवान श्रीराम की कोई मूर्ति नहीं है। विभाजन के पहले यहां राम दरबार की प्रतिमाएं स्थापित थी, जहां रोज भक्त दर्शन करने आते थे लेकिन पाकिस्तान के बनने के बाद यहां से भगवान की कभी प्रतिमाएं हटा दी गई हैं। 1893 के आधिकारिक रिकॉर्ड के अनुसार, किसी समय यहां हर वर्ष मेला भी लगता था, लेकिन आज वह भी बंद हो गया।

मंदिर को बना दिया था स्कूल

1947 के बाद पाकिस्तानी अधिकारियों ने इस मंदिर में हिंदुओं के पूजा करने पर रोक लगा दी और साल 1960 में इस स्थान को लड़कियों के स्कूल में बदल दिया। हिंदू समुदाय ने जब इसका विरोध किया तो स्कूल को दूसरे स्थान पर स्थानांतरित किया गया। आज भी ये स्थान सरकार की अनदेखी की वजह से बदहाल स्थिति में हैं लेकिन हिंदू यहां अपने भगवान श्रीराम की स्मृतियों के संजोए हुए हैं।


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