अजिंक्य रहाणे की ऑल-टाइम टेस्ट XI में विराट कोहली और जसप्रीत बुमराह को जगह नहीं मिली। एमएस धोनी बने कप्तान, जानें टीम में कौन-कौन शामिल है।

Ajinkya Rahane All-Time Test XI: भारतीय क्रिकेटर अजिंक्य रहाणे ने हाल ही में अपनी ऑल-टाइम टेस्ट XI टीम चुनी। इस टीम में उन्होंने उन खिलाड़ियों को जगह दी, जिनके साथ उन्होंने अपने करियर के दौरान ड्रेसिंग रूम साझा किया था। हालांकि, उनकी इस टीम में कुछ ऐसे बड़े नाम शामिल नहीं हैं, जिन्हें भारतीय टेस्ट क्रिकेट के सबसे बेहतरीन खिलाड़ियों में गिना जाता है। रहाणे के फैसले ने क्रिकेट प्रशंसकों को हैरान कर दिया है।

Virat Kohli और Jasprit Bumrah को टीम में जगह नहीं

रहाणे की ऑल-टाइम टेस्ट XI में विराट कोहली और जसप्रीत बुमराह का नाम नहीं होना सबसे ज्यादा चर्चा में है। ज्यादातर क्रिकेट प्रशंसकों के लिए विराट कोहली की आक्रामक बल्लेबाजी और बुमराह की घातक तेज गेंदबाजी के बिना भारतीय टेस्ट टीम की कल्पना करना मुश्किल है। इस फैसले के बाद सोशल मीडिया पर भी चर्चा शुरू हो गई कि आखिर रहाणे ने अपने करियर के इन 2 बड़े साथियों को टीम से बाहर क्यों रखा।

Sachin Tendulkar की वजह से विराट कोहली को नहीं मिली जगह?

रहाणे की टीम में खिलाड़ियों का चयन उनकी भूमिका और बल्लेबाजी क्रम को ध्यान में रखकर किया गया लगता है। उन्होंने सचिन तेंदुलकर को चौथे नंबर पर रखा है। इस वजह से बल्लेबाजी क्रम में विराट कोहली के लिए जगह नहीं बन पाई। हालांकि, यह तर्क कोहली के टीम से बाहर रहने की एक वजह हो सकता है, लेकिन जसप्रीत बुमराह को शामिल नहीं करना और भी ज्यादा हैरान करने वाला फैसला माना जा रहा है। कई प्रशंसकों का मानना है कि बुमराह अपनी गेंदबाजी क्षमता के दम पर इस टीम में जगह पाने के मजबूत दावेदार थे।

Murali Vijay और Shikhar Dhawan को ओपनिंग की जिम्मेदारी

  • रहाणे ने अपनी ऑल-टाइम टेस्ट XI में ओपनिंग की जिम्मेदारी मुरली विजय और शिखर धवन को सौंपी है।
  • दोनों खिलाड़ियों ने 2010 के दशक के मध्य में भारतीय टीम के लिए कई अहम मुकाबले खेले थे।
  • विदेशी दौरों पर नई गेंद का सामना करना किसी भी ओपनर के लिए बड़ी चुनौती होती है।
  • मुरली विजय और शिखर धवन ने उस दौर में भारतीय टीम के लिए यह जिम्मेदारी निभाई और कई मौकों पर टीम को अच्छी शुरुआत दिलाने की कोशिश की।

Rahul Dravid और Sachin Tendulkar को तीसरे-चौथे नंबर पर जगह

  • रहाणे की टीम में राहुल द्रविड़ को तीसरे और सचिन तेंदुलकर को चौथे नंबर पर रखा गया है।
  • टेस्ट क्रिकेट में दोनों बल्लेबाजों की पहचान लंबे समय तक क्रीज पर टिककर खेलने और टीम को मुश्किल परिस्थितियों से निकालने की रही है।
  • राहुल द्रविड़ अपनी तकनीक और धैर्य के लिए जाने जाते हैं, जबकि सचिन तेंदुलकर ने अपने करियर में कई यादगार पारियां खेलीं।
  • इन दोनों को शीर्ष क्रम में शामिल करके रहाणे ने अपनी टीम को मजबूत बल्लेबाजी आधार देने की कोशिश की है।
  • खुद अजिंक्य रहाणे ने इस टीम में पांचवें नंबर पर जगह बनाई है। इस तरह शुरुआती पांच स्थानों पर उन्होंने ऐसे बल्लेबाजों को चुना है, जिनके पास टेस्ट क्रिकेट का लंबा अनुभव रहा है।

MS Dhoni बने कप्तान और विकेटकीपर

  • रहाणे की ऑल-टाइम टेस्ट XI में महेंद्र सिंह धोनी को विकेटकीपर के साथ-साथ कप्तान की जिम्मेदारी भी दी गई है।
  • धोनी को अक्सर वनडे और T20 क्रिकेट में उनकी उपलब्धियों के लिए याद किया जाता है।
  • हालांकि, टेस्ट क्रिकेट में भी उन्होंने भारतीय टीम की कप्तानी की और कई महत्वपूर्ण मुकाबलों में टीम का नेतृत्व किया।
  • रहाणे की टीम में धोनी को कप्तान चुनना उनकी शांत नेतृत्व शैली और फैसले लेने की क्षमता के प्रति सम्मान को दर्शाता है। विकेटकीपर के रूप में उनकी मौजूदगी टीम के संतुलन को भी मजबूत करती है।

Ravindra Jadeja और R Ashwin को स्पिन गेंदबाजी की जिम्मेदारी

  • रहाणे ने अपनी टीम में रविंद्र जडेजा और रविचंद्रन अश्विन को शामिल किया है। दोनों खिलाड़ियों ने भारतीय टेस्ट क्रिकेट में गेंदबाजी के साथ-साथ बल्लेबाजी में भी अहम योगदान दिया है।
  • अश्विन अपनी स्पिन गेंदबाजी और विकेट लेने की क्षमता के लिए जाने जाते हैं। वहीं, जडेजा गेंदबाजी के अलावा निचले क्रम में उपयोगी बल्लेबाजी और बेहतरीन फील्डिंग भी करते हैं।
  • इन दोनों को टीम में रखने से स्पिन गेंदबाजी के साथ बल्लेबाजी में भी गहराई मिलती है। टेस्ट क्रिकेट में अलग-अलग परिस्थितियों के हिसाब से दोनों की भूमिका महत्वपूर्ण रही है।

Bhuvneshwar Kumar, Mohammed Shami और Ishant Sharma तेज गेंदबाजी में शामिल

  • तेज गेंदबाजी के लिए रहाणे ने भुवनेश्वर कुमार, मोहम्मद शमी और इशांत शर्मा को चुना है। इन तीनों गेंदबाजों ने अलग-अलग परिस्थितियों में भारतीय टीम के लिए महत्वपूर्ण योगदान दिया है।
  • भुवनेश्वर कुमार अपनी स्विंग गेंदबाजी के लिए पहचाने जाते हैं। मोहम्मद शमी ने अपनी गति और सीम मूवमेंट से बल्लेबाजों को परेशान किया है, जबकि इशांत शर्मा ने लंबे समय तक भारतीय टेस्ट टीम के तेज गेंदबाजी आक्रमण का हिस्सा रहते हुए कई महत्वपूर्ण मुकाबले खेले।
  • इन तीनों गेंदबाजों की मौजूदगी रहाणे की टीम को ऐसा तेज गेंदबाजी आक्रमण देती है, जो दुनिया के अलग-अलग मैदानों पर विरोधी टीम के 20 विकेट लेने की चुनौती का सामना कर सकता है।
  • हालांकि, इस चयन में जसप्रीत बुमराह का नाम नहीं होना सबसे बड़ा सवाल बना हुआ है। बुमराह की गति, सटीक लाइन-लेंथ और मुश्किल परिस्थितियों में विकेट लेने की क्षमता को देखते हुए कई क्रिकेट प्रशंसकों का मानना है कि उन्हें इस टीम में शामिल किया जा सकता था।