सबसे शॉकिंग परिणाम मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री मोहन यादव को लेकर आया है। मोहन यादव उपाध्यक्ष पद का चुनाव हार गए हैं। 

नई दिल्ली: भारतीय कुश्ती महासंघ के विवादास्पद पूर्व अध्यक्ष बृजभूषण शरण सिंह का दबदबा इस बार भी कायम है। महिला पहलवानों के यौन उत्पीड़न के आरोपों में घिरे पूर्व अध्यक्ष बृजभूषण शरण सिंह के करीबी डब्ल्यूएफआई का इलेक्शन जीत गए हैं। भारतीय कुश्ती महासंघ के अध्यक्ष अब संजय सिंह होंगे। सबसे शॉकिंग परिणाम मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री मोहन यादव को लेकर आया है। मोहन यादव उपाध्यक्ष पद का चुनाव हार गए हैं।

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कॉमनवेल्थ गेम्स की गोल्ड मेडलिस्ट को हराया

रेसलिंग फेडरेशन ऑफ इंडिया की नई कार्यकारिणी में अध्यक्ष पद के प्रत्याशी संजय सिंह का मुकाबला राष्ट्रमंडल खेलों की गोल्ड मेडलिस्ट अनीता श्योराण से था। घोषित चुनाव परिणाम के अनुसार, संजय सिंह को 40 वोट मिले जबकि अनीता श्योराण को महज 7 वोटों से संतोष करना पड़ा। संजय सिंह, बीजेपी सांसद बृजभूषण शरण सिंह के करीबी हैं। तीन बार से लगातार भारतीय कुश्ती महासंघ के अध्यक्ष रहे बृजभूषण शरण सिंह के खिलाफ पिछले साल महिला पहलवानों ने यौन उत्पीड़न का आरोप लगाते हुए धरना दिया था। मामला काफी तूल पकड़ा और बृजभूषण शरण सिंह को पद से हटा दिया गया था।

साक्षी मलिक ने दिया इस्तीफा

बृजभूषण शरण सिंह के करीबी संजय सिंह के अध्यक्ष बन जाने के बाद निराश साक्षी मलिक गुरुवार को सन्यास का ऐलान करने के बाद फूट-फूटकर रोने लगी। यौन उत्पीड़न के खिलाफ धरना-प्रदर्शन की अगुवाई करने वाली साक्षी मलिक के साथ प्रेस कांफ्रेंस में मौजूद विनेश फोगाट भी अपने आंसू न रोक सकी। कुश्ती से सन्यास के ऐलान के बाद रोते हुए साक्षी मलिक चली गई। साक्षी मलिक ने कहा कि हम 40 दिनों तक सड़कों पर सोए और देश के कई हिस्सों से बहुत सारे लोग हमारा समर्थन करने आए। अगर बृज भूषण शरण सिंह के बिजनेस पार्टनर और करीबी सहयोगी को कुश्ती संघ का अध्यक्ष चुना जाता है तो मैं कुश्ती छोड़ती हूं। कुश्ती महासंघ का चुनाव परिणाम आने के बाद पढ़िए पूरी खबर…