बिहार के भागलपुर शहर से अनोखा मामला सामने आया। यहां एक पत्नी अपने पति के निधन के बाद इतने सदमे में आ गई कि कुछ ही देर में अपने प्राण त्याग दिए। उनका एक दूसरे के प्रति ऐसा प्यार देख परिजनों ने एक साथ दी अंतिम विदाई।

भागलपुर (bhagalpur news). शादी होने के दौरान दुल्हा दुल्हन एक साथ जीने मरने का वादा निभाते है। लेकिन ऐसे कम ही जोड़े होते है जो इसे पूरा कर पाते है। पर बिहार के भागलपुर शहर मे ऐसा नजारा देखने को मिला जहां पति की मौत के 2 घंटे बाद ही पत्नी के भी रोत रोते जान निकल गई है। जीवन भर साथ रहने वाले दंपति को परिवार ने भी अंतिम विदाई एक साथ ही साथ ही एक चिता पर दोनों का अंतिम संस्कार किया।

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पति की जान जाने के 2 घंटे बाद ही त्यागे प्राण

दरअसल भागलपुर के नाथनगर के रहने वाले विशुनदेव मंडल काफी समय से बीमार चल रहे थे। जिसके चलते सोमवार के दिन करीब शाम 4 बजे उनकी मौत हो गई। निधन का पता चलते ही घर का माहौल गमगीन हो गया और परिजन अंतिम संस्कार की तैयारी करने लगी वहीं बुजुर्ग के निधन से घर की महिलाओं का रोना जारी था। विशुनदेव की पत्नी चंदा भी अपने पति की मौत के बाद से सदमे में थी और लगातार रोए जा रही थी। जैसे ही पति को अंतिम यात्रा में ले जाना था तभी करीब शाम 6 बजे दम तोड़ दिया। एक साथ दो बुर्जुर्ग लोगों की जान जाने से घर में कोहराम मच गया।

दोनों के प्यार की लोग देने लगे मिशाल

पति पत्नी के एक साथ जान जाने के बाद लोग उनके प्यार की मिशाल देने लगे। इनके इतने सालों तक साथ रहने और एक साथ ही जान खोने की चर्चा करने लगे। हालांकि इसके बाद अंतिम विदाई का कार्यक्रम रद्द करना पड़ा। मंगलवार के दिन दोनो को लोगों ने एक साथ ही अंतिम विदाई दी। जिसने भी इस नजारें को देखा एक बार को तो उनकी आंखे नम हो आई।

दोनो को एक साथ एक ही चिता पर दी अंतिम विदाई

अपने माता पिता का इस तरह का प्रेम देखने के बाद उनकी 7 संतानों ने एक साथ ही एक ही चिता पर अंतिम विदाई देने का फैसला किया और मंगलवार की देर शाम दोनों को सुल्तानागंज गंगा घाट पर एक चिता पर अंतिम संस्कार किया गया। इस तरह प्रेम में जान खोने की यह घटना इलाके में चर्चा का विषय बन गया। शायद इलाके में इस तरह की यह पहली घटना हो।

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